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Up Kiran, Digital Desk: चमोली जिले में करीब सवा दस बजे धरती अचानक हिलने लगी। लोग बिस्तर से कूद पड़े और जो जहां था वहीं से बाहर भागने लगा। अच्छी बात ये रही कि भूकंप ज्यादा देर तक नहीं रहा। बस कुछ सेकंड का झटका था लेकिन डर इतना कि दिल धक से हो गया।

राष्ट्रीय भूकंप केंद्र ने बताया कि रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 3.7 थी। मतलब हल्का भूकंप ही था। वैज्ञानिक भाषा में इसे माइनर अर्थक्वेक कहते हैं। फिर भी पहाड़ी इलाका होने की वजह से लोग सहम जाते हैं क्योंकि यादें ताजा हैं।

जोशीमठ गोपेश्वर और आसपास के गांवों में झटके साफ महसूस हुए। कई लोगों ने बताया कि कुर्सी हिली दीवार में आवाज आई और बर्तन आपस में टकराने लगे। बस इतना सुनते ही सब बाहर खुली जगह पर दौड़ पड़े। बच्चे रोने लगे बूढ़े दुआ पढ़ने लगे। माहौल में एकदम से दहशत फैल गई।

जिला प्रशासन ने तुरंत हरकत में आते हुए सभी टीमों को अलर्ट कर दिया। राहत दल तैयार खड़े हैं। अच्छी खबर ये है कि अब तक कहीं से भी कोई नुकसान की सूचना नहीं आई। ना कोई घायल हुआ ना किसी मकान को खरोंच आई। सब सुरक्षित हैं।

चमोली तो वैसे भी भूकंप के लिहाज से संवेदनशील इलाका है। यहां छोटे-मोटे झटके आते रहते हैं। वैज्ञानिक लगातार नजर रखे हुए हैं। उनका कहना है कि घबराने की जरूरत नहीं है लेकिन सतर्क रहना जरूरी है।