Up Kiran, Digital Desk: लखनऊ में शनिवार को एक दर्दनाक घटना घटी, जिसने न केवल परिवारों को झकझोर दिया बल्कि समाज को भी सोचने पर मजबूर कर दिया। वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के सामने एक युवक और युवती ने आत्महत्या कर ली। यह हादसा तालकटोरा थाना क्षेत्र के जलालपुर फाटक के पास हुआ, जहां रेलवे ट्रैक पर दोनों के शव मिलने के बाद पूरे इलाके में खलबली मच गई। पुलिस ने जांच के दौरान दोनों की पहचान की और यह भी सामने आया कि वे दोनों प्रेमी-प्रेमिका थे। इस घटना के बाद क्षेत्र में सन्नाटा सा पसरा हुआ है।
सुसाइड नोट से खुलासा: दोनों का दुखभरा संदेश
घटनास्थल से दो सुसाइड नोट भी मिले हैं। दीपाली ने अपने नोट में लिखा था, "मम्मी-पापा, मुझे माफ कर देना, मुझे नहीं चाहिए था कि मैं आपको दुख दूं। मुझे मेरा कान्हा मिल गया था।" वहीं, सूर्यकांत ने अपनी पत्नी सविता को लिखते हुए कहा, "मुझे माफ कर देना, मेरा पहला प्यार तुम ही हो।" यह संदेश इस दुखद घटना को और भी गहरा बना देता है, क्योंकि सूर्यकांत शादीशुदा था और उसका एक बेटा भी था, जिसका नाम कृष्णकांत था।
ऑफिस में हुई थी मुलाकात, क्या था प्यार का कारण?
पुलिस जांच में यह भी पता चला कि सूर्यकांत और दीपाली की मुलाकात एक निजी कंपनी में हुई थी। सूर्यकांत नीलमथा इलाके में अपने परिवार के साथ रहता था और एक कंपनी में फील्ड वर्कर के रूप में काम करता था। वहीं, दीपाली उसी कंपनी में कैशियर थी और सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र में अपने परिवार के साथ रहती थी। दोनों के बीच पिछले छह महीने से प्रेम संबंध थे, जो अब एक जघन्य कदम की ओर बढ़े थे।
परिवार की चिंता और गुमशुदगी की रिपोर्ट
दीपाली के परिजनों ने तीन दिन पहले ही उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। परिवार ने बताया कि दीपाली 8 जनवरी को ऑफिस जाने के लिए घर से निकली थी लेकिन वापस नहीं लौटी। इसके बाद परिवार ने पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। यह बात इस मामले को और भी रहस्यमय बना देती है, क्योंकि तीन दिन बाद यह भयानक घटना घटित हुई।
वंदे भारत एक्सप्रेस से कूदी दी जान
पुलिस के अनुसार, 10 जनवरी को दोपहर करीब 1:45 बजे दोनों के शव जलालपुर फाटक के पास रेलवे ट्रैक पर मिले। यह घटना वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन से कूदकर आत्महत्या करने की प्रतीत होती है। पुलिस ने दोनों की पहचान आधार कार्ड से की और परिजनों को सूचना दी। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। जांच जारी है।




