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Up Kiran, Digital Desk: ऑस्ट्रेलिया की सरजमीं पर एशेज 2025 का पहला टेस्ट शुरू हो रहा है और इस बार सारी निगाहें इंग्लैंड के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज जो रूट पर टिकी हैं। वजह साफ है। रूट जबरदस्त फॉर्म में हैं और उनके सामने एक पुराना दाग मिटाने का मौका है।

वो दाग जो आज तक नहीं मिटा

जो रूट ने टेस्ट क्रिकेट में लगभग सब कुछ हासिल कर लिया है। 39 शतक। दुनिया के चौथे नंबर के बल्लेबाज। लेकिन एक बात हमेशा खटकती रही है। ऑस्ट्रेलिया में उन्होंने आज तक एक भी टेस्ट शतक नहीं लगाया। न 2017-18 की एशेज में। न 2021-22 में। जब भी ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों ने उनसे आंख मिलाई है तो रूट कहीं न कहीं चूक गए। अबकी बार वो इस कलंक को मिटाने उतर रहे हैं और अगर वो ऐसा कर पाते हैं तो सिर्फ अपना व्यक्तिगत रिकॉर्ड ही नहीं सुधरेगा। पूरी कहानी बदल जाएगी।

रिकी पोंटिंग को टक्कर देने की दहलीज पर

अगर रूट इस सीरीज में अपना ऑस्ट्रेलियाई शतक का सूखा खत्म करते हैं तो अगला निशाना कोई और नहीं बल्कि ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग होंगे। फिलहाल टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वालों की सूची में पोंटिंग 41 शतकों के साथ तीसरे स्थान पर काबिज हैं। रूट को उनसे आगे निकलने के लिए सिर्फ तीन शतक चाहिए। तीन। एक पूरी एशेज सीरीज में। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ। उनकी धरती पर। ये आसान तो बिल्कुल नहीं लेकिन नामुमकिन भी नहीं। पिछले एक साल में रूट जिस तरह खेल रहे हैं उसे देखकर लगता है कि वो कुछ भी कर सकते हैं।

आगे की ऊंची दीवारें

अगर किसी तरह पोंटिंग को पीछे छोड़ दिया तो अगला नाम होगा दक्षिण अफ्रीका के महान ऑलराउंडर जैक्स कैलिस का। कैलिस के नाम 45 शतक हैं। उस ऊंचाई तक पहुंचना रूट के लिए अभी दूर की कौड़ी है लेकिन क्रिकेट ने हमें बारबार सिखाया है कि जब फॉर्म हो तो आंकड़े भी डरने लगते हैं। और सबसे ऊपर तो अभी भी वो शख्स हैं जिनका नाम लेते ही पूरा क्रिकेट जगत सिर झुका लेता है। सचिन तेंदुलकर। 51 टेस्ट शतक। 200 टेस्ट मैच। वो रिकॉर्ड जो शायद कभी न टूटे। लेकिन रूट अभी सिर्फ 33 के हैं। उनके पास समय है। बहुत समय।

ये सिर्फ आंकड़ों की बात नहीं

ये सीरीज रूट के लिए सिर्फ आंकड़ों की जंग नहीं है। ये उस बल्लेबाज की जंग है जो पिछले कई साल से इंग्लैंड का सबसे बड़ा मैच विनर रहा है। जो बिना शोर मचाए रन बनाता है। जो दबाव में भी मुस्कुराता रहता है। ऑस्ट्रेलिया की तेज पिचें। बाउंसी विकेट। पैट कमिंस। मिचेल स्टार्क। जोश हेजलवुड। सब तैयार हैं। लेकिन रूट भी तैयार हैं।