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Up kiran,Digital Desk : तो आखिरकार CAT 2025 की परीक्षा का तीसरा और आखिरी स्लॉट भी खत्म हो गया! जो छात्र शाम 4:30 से 6:30 बजे वाली इस शिफ्ट में बैठे थे, उनका पहला रिएक्शन आ गया है। ज्यादातर छात्रों का मानना है कि सुबह के दोनों स्लॉट के मुकाबले, यह वाला पेपर थोड़ा ज़्यादा मुश्किल था।

पेपर का पैटर्न तो पिछले साल जैसा ही था, यानी कुल 68 सवाल ही पूछे गए। लेकिन इस बार असली खेल सवालों के डिफिकल्टी लेवल में हुआ, खासकर मैथ्स वाले सेक्शन में। चलिए, सेक्शन-वाइज समझते हैं कि पेपर कैसा था।

 मैथ्स (Quant) ने सबसे ज़्यादा परेशान किया

इस स्लॉट की सबसे बड़ी चर्चा मैथ्स सेक्शन को लेकर है। छात्रों का कहना है कि तीनों स्लॉट में सबसे मुश्किल मैथ्स इसी में आया था। ज़्यादातर सवाल अरिथमैटिक (Arithmetic) से ही थे, जो कि जाने-पहचाने टॉपिक हैं, लेकिन उन्हें इस तरह घुमा-फिराकर पूछा गया था कि उनकी कैलकुलेशन बहुत लंबी हो रही थी।

कई छात्रों ने बताया कि सवाल का कॉन्सेप्ट पता होने के बाद भी, उसे सॉल्व करने में ही काफी टाइम निकल गया, जिससे पूरा सेक्शन बहुत मुश्किल लगने लगा।

DILR (रीजनिंग) ने दी थोड़ी राहत

जहाँ मैथ्स ने सिर घुमाया, वहीं डेटा इंटरप्रिटेशन और लॉजिकल रीजनिंग (DILR) वाले सेक्शन ने थोड़ी राहत दी। ज़्यादातर छात्रों को यह सेक्शन आसान से मीडियम लेवल का लगा। सुबह के स्लॉट्स के मुकाबले यह काफी बैलेंस्ड था। इसमें एक सर्कुलर अरेंजमेंट वाला सेट, एक स्कैटर-प्लॉट वाला और एक इनकमिंग-आउटगोइंग कॉल वाला सेट था। कुल मिलाकर, यह सेक्शन ऐसा था जिसमें छात्र कुछ सवाल आराम से हल कर सकते थे।

 इंग्लिश (VARC) भी आसान नहीं था

इंग्लिश यानी वर्बल एबिलिटी और रीडिंग कॉम्प्रिहेंशन (VARC) का सेक्शन भी सुबह के स्लॉट्स के मुकाबले थोड़ा मुश्किल था। इसे मीडियम से कठिन लेवल का माना जा रहा है। इसमें 4 पैसेज (RC) आए थे, जिनमें से दो काफी मुश्किल थे और दिमाग घुमाने वाले थे, जबकि एक को छात्र आसानी से समझकर सॉल्व कर सकते थे। इसके अलावा, पैराजंबल और ऑड-वन-आउट जैसे सवाल भी ट्रिकी थे।

तो कुल मिलाकर कैसा रहा पेपर?

अगर एक लाइन में कहें, तो स्लॉट 3 तीनों स्लॉट में सबसे चुनौतीपूर्ण था, और इसकी सबसे बड़ी वजह मैथ्स का मुश्किल होना था। हालांकि, जिन छात्रों ने होशियारी से DILR और VARC में आसान सवालों को चुनकर सॉल्व किया होगा, वे अभी भी 99 परसेंटाइल की उम्मीद कर सकते हैं।