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तांबे के बर्तन में पानी पीने के फायदे के साथ-साथ नुकसान भी हैं। आजकल हर घर में तांबे के बर्तनों का उपयोग करने का चलन है। पहले इसका इस्तेमाल स्वास्थ्य कारणों से किया जाता था। यह देखकर खुशी होती है कि तांबे के बर्तनों को अब रिसाइकल किया जा रहा है। लेकिन अगर इसका गलत इस्तेमाल किया जाए तो शरीर को इसका खामियाजा भुगतना पड़ सकता है।
जिस बर्तन में आप पानी पीने जा रहे हैं वो शुद्ध तांबे का और साफ-सुथरा होना चाहिए।
तांबे के बर्तन के अंदर और बाहर दोनों तरफ तांबे का उपयोग करना चाहिए और इसमें कोई अन्य धातु नहीं मिलानी चाहिए।
बर्तन को रगड़कर साफ करना चाहिए। बर्तन को साफ करने के लिए आप नींबू या इमली का इस्तेमाल कर सकते हैं।
तांबे के बर्तन में पानी रखने से पानी का ऑक्सीकरण हो जाता है और बर्तन के बीच में एक परत जम जाती है, इसे साफ करना बहुत जरूरी है।
यदि कोई बर्तन अंदर से साफ नहीं किया जा सकता है, जैसे कि तांबे की बोतल, जिसमें आप अपना हाथ नहीं डाल सकते हैं और बोतल को ठीक से साफ नहीं कर सकते हैं, तो आपको आमतौर पर ऐसे बर्तन का उपयोग करने से बचना चाहिए।
तांबे के बर्तन में कभी भी उबला हुआ पानी, ज्यादा गर्म पानी न रखें। अगर पानी उबल गया है तो उसे पहले ठंडा कर लें और फिर तांबे के बर्तन में रख दें।
रोजाना तांबे के बर्तन से पानी न पिएं, पानी पीने के बाद कुछ दिनों का गैप रखें।