आखिर क्यों ताश के पत्तों की तरह बिखर गई टीम इंडिया, अय्यर ने खुद बताई हार की असली वजह
ब्रिस्टल के काउंटी ग्राउंड में खेले गए चौथे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम एक बार फिर उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी। बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में कमजोर प्रदर्शन का फायदा उठाते हुए इंग्लैंड ने मुकाबला 9 विकेट से अपने नाम कर लिया। इस जीत के साथ मेजबान टीम ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 3-0 की अजेय बढ़त बना ली।
लगातार हार के बाद भारतीय टीम से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद थी लेकिन मैदान पर तस्वीर अलग ही दिखाई दी। बल्लेबाजी क्रम फिर से बिखर गया और टीम बड़ा स्कोर बनाने में नाकाम रही।
श्रेयस अय्यर ने अकेले संभाली पारी
भारत की ओर से कप्तान श्रेयस अय्यर सबसे सफल बल्लेबाज रहे। उन्होंने 49 गेंदों में नाबाद 80 रन बनाकर टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। हालांकि दूसरे छोर से उन्हें ज्यादा सहयोग नहीं मिला। इसी वजह से भारत निर्धारित 20 ओवर में केवल 158 रन ही बना सका।
बल्लेबाजी के लिए अनुकूल पिच पर यह स्कोर इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के सामने चुनौतीपूर्ण नहीं माना जा रहा था।
इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने आसान बना दिया लक्ष्य
159 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने शुरुआत से ही आक्रामक बल्लेबाजी की। सलामी बल्लेबाज फिल साल्ट और कप्तान हैरी ब्रुक ने भारतीय गेंदबाजों को कोई मौका नहीं दिया। दोनों ने तेजी से रन बनाए और मैच को पूरी तरह एकतरफा बना दिया।
ब्रुक 79 रन और साल्ट 59 रन बनाकर नाबाद लौटे। इंग्लैंड ने 37 गेंद बाकी रहते ही मुकाबला जीत लिया। इस जीत ने दोनों टीमों के प्रदर्शन के बीच साफ अंतर भी दिखा दिया।
हार के बाद क्या बोले श्रेयस अय्यर
मैच खत्म होने के बाद कप्तान श्रेयस अय्यर ने माना कि टीम योजना के अनुसार गेंदबाजी नहीं कर सकी। उनका कहना था कि 158 रन बड़ा स्कोर नहीं था लेकिन गेंदबाजों के लिए एक रणनीति तैयार की गई थी।
उन्होंने बताया कि गेंदबाजों को एक जैसी लेंथ पर लगातार गेंद डालने की सलाह दी गई थी क्योंकि उस एरिया में बल्लेबाजी करना आसान नहीं था। लेकिन टीम अपनी योजना पर अमल नहीं कर सकी और इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने इसका पूरा फायदा उठाया।