लखीमपुर कांड: भाजपा का दोहरा मापदंड, मारे गए पार्टी कार्यकर्ताओं के घर पहुंचे नेता, किसान परिवारों से नहीं मिले

विपक्षीय दल के नेता हादसे में मारे गए किसान परिवार के घर जाकर उन्‍हें सांत्‍वना देने में लगे हैं, वहीं बीजेपी ( BJP) से अभी तक कोई बड़ा नेता उनके घर पर नहीं पहुंचा है.

लखीमपुर खीरी हिंसा को धीरे धीरे एक सप्ताह से अधिक का समय हो चुका है, वहीँ इस मामले में राजनीति कम होते नहीं दिख रही है, जहाँ एक तरफ विपक्ष किसान परिवारों के साथ खड़ा नज़र आ रहा है, वहीँ दूसरी तरफ भाजपा सत्ता में होने के बावजूद अपना दोहरा मापदंड दिखा रही है. आपको बता दें कि इस हादसे में 8 लोगों की मौत हुई थी, जिसमें 4 किसान, 3 भाजपा कार्यकर्ता और एक पत्रकार शामिल थे. इस हादसे के बाद जहां विपक्षीय दल के नेता हादसे में मारे गए किसान परिवार के घर जाकर उन्‍हें सांत्‍वना देने में लगे हैं, वहीं बीजेपी ( BJP) से अभी तक कोई बड़ा नेता उनके घर पर नहीं पहुंचा है.

वहीँ ज्ञात हो कि बुधवार को उत्‍तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के कानून मंत्री बृजेश पाठक (Brijesh Pathak) लखीमपुर तो गए लेकिन हिंसा में मारे गए भाजपा कार्यकर्ता शुभम मिश्रा और केंद्रीय गृह राज्‍य मंत्री अजय मिश्रा के ड्राइवर हरिओम मिश्रा के परिवार से ही मिलकर वापस लौट आए. उन्‍होंने दोनों ही परिवार को हर संभव मदद देने का भरोसा दिया. वहीं मृतक किसानों के परिवारों से मिलने को लेकर बृजेश पाठक ने कहा कि हालात जैसे ही सामान्‍य होंगे वह सभी किसानों के परिजनों से बातचीत करेंगे.

इसके साथ ही आपको बताते चले कि उत्‍तर प्रदेश के कानून मंत्री बृजेश पाठक लखीमपुर हादसे में मारे गए किसी भी किसान परिवार से मिलने नहीं गए. जिसमें नछत्तर सिंह और लवप्रीत सिंह, भाजपा कार्यकर्ता श्याम सुंदर निषाद और पत्रकार रमन कश्यप शामिल हैं. बता दें कि लखीमपुर हादसे में मारे गए दो अन्‍य किसान गुरविंदर सिंह और दिलजीत सिंह बहराइच के रहने वाले थे.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *