Pm Modi ने गोरखपुर में किया AIIMS और Fertilizer Plant का उद्घाटन, इस नेता को सुनाई खूब खरी खोटी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गढ़ गोरखपुर जिले में पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Pm Modi) ने मंगलवार को 9600 करोड़ रुपये का तोहफा...

गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गढ़ गोरखपुर जिले में पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Pm Modi) ने मंगलवार को 9600 करोड़ रुपये का तोहफा दिया। इस मौके पर प्रधानमंत्री ने कहा कि खाद कारखाना और गोरखपुर एम्स का लोगों को काफी समय से इंतजार था। उन्होंने कहा कि गोरखपुर में फर्टिलाइजर प्लांट और एम्स का शुरू होने अनेक संकेत दे रहा है। उन्होंने कहा जहाँ कही भी जब डबल इंजन वाली सरकार होती है। वहां डबल तेजी से काम भी होता है और जब नेक नीयत के साथ काम होता है तो आपदाएं भी बधक नहीं बन पाती है।

Pm Modi - Cm Yogi

Pm Modi ने कहा कि किसानों को यूरिया के लिए लंबी-लंबी लाइन लगानी पड़ती थी फिर भी उन्हें खाद नहीं मिल पाती। उन्होंने पिछली सरकार यानी पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को आड़े हाथों लिया और खूब खरी खोटी सुनाई। उन्होंने कहा कि  प्रदेश के तमाम कारखाने बंद पड़े थे, हमने यूरिया के उत्पादन को बढ़ाया। प्रधानमंत्री ने कहा कि जिस प्रकार से भागीरथी गंगा को लेकर आए थे वैसे ही इस फर्टिलाइजर तक ईंधन पहुंचाने के लिए ऊर्जा गंगा को लाया गया है। ऊर्जा गंगा गैस पाइप लाइन के तहत हल्दिया से जगदीशपुर तक पाइप लाइन बिछाई गई है। इस पाइप लाइन के कारण ही गोरखपुर पाइप लाइन शुरू हो सकी है।

गोरखपुर में हमेशा माना जाता था कि यहां बीमारी है- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

उन्होंने कहा जल्द ही अन्य भागों में भी सस्ती गैस मिलनी शुरू हो गई है। इस मौके पर पीएम (Pm Modi) ने गोरखपुर में रिमोट का बटन दबाकर गोरखपुर खाद कारखाना एवं अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान और रीजनल मेडिकल रिसर्च सेंटर का लोकार्पण किया। इससे पहले, गोरखपुर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा गोरखपुर में हमेशा माना जाता था कि यहां बीमारी है। यहां दिमागी बुखार, मलेरिया आदि विषाणुजनित बीमारियों से मौतें होती थीं।

इसी के मद्देनजर साल 2016 में प्रधानमंत्री (Pm Modi) ने एम्स का शिलान्यास किया था और आज उद्घाटन भी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिले में जब इंसेफलाइटिस के मरीज आते थे तो उनका सैंपल टेस्ट के लिए पुणे भेजना पड़ता था और जब तक बीमारी का पता चलता था मरीज की मौत हो चुकी होती थी लेकिन अब गोरखपुर रीजनल वायरल सेंटर में कोरोना के साथ इंसेफलाइटिस, कालाजार और मलेरिया समेत कई अन्य बीमारियों की जांच आसानी से हो जाएगी।

इन सुविधाओं से लैस है एम्स, गोरखपुर (Pm Modi)

बता दें कि एम्स, गोरखपुर की सुविधाओं में 750 बेड का अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, नर्सिंग कॉलेज, आयुष भवन, सभी कर्मचारियों के रहने के लिए आवास, यूजी और पीजी छात्रों के लिए छात्रावास आदि शामिल हैं। (Pm Modi)

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