Uttarakhand: सीएम धामी ने सुनीं पुनर्वासित परिवारों की समस्याएं, अधिकारियों को दिए हल करने के निर्देश

Uttarakhand: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को सीएम आवास में अन्तरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में...

देहरादून। उत्तराखंड (Uttarakhand) के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को सीएम आवास में अन्तरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में शिरकत की। इस मौके पर उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि यह सुनिश्चित किया जाये कि पुनर्वासित परिवारों को पुनर्वास क्षेत्र में बिजली, पानी एवं अन्य मूलभूत आवश्यकताओं की पर्याप्त व्यवस्था हो, जिन पुनर्वासित गांवों को सड़क से जोड़ा जाना है, उनकी सूची जल्द शासन को उपलब्ध कराई जाए।

Uttarakhand-cm

पुनर्वासित गांवों (Uttarakhand) में मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए व्यवस्था मनरेगा से कन्वरजेंस एवं जिलाधिकारी के नियंत्रणाधीन विभिन्न फंडों से की जाए। इसके बाद भी कोई परेशानी हो तो मामला शासन स्तर पर लाया जाए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने वर्चुअल माध्यम से आठ जनपदों के पुनर्वासित गांवों के लोगों से बात कर उनकी समस्याएं सुनी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी समस्याओं का उचित हल निकालने का प्रयास किया जायेगा।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि आपदा की दृष्टि से संवेदनशील गांवों का लगातार सर्वे किया जाए। सर्वे के बाद जिन गांवों एवं परिवारों (Uttarakhand) को तत्काल पुनर्वासित करने की आवश्यकता है, उसकी सूची भी जल्द उपलब्ध कराई जाए। पुनर्वासित परिवारों के लिए भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार धनराशि दी गई है। पुनर्वासित क्षेत्र में अवस्थापना विकास के लिए राज्य सरकार द्वारा हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों का कोरोना महामारी से निधन हुआ उन्हें आपदा मद से 50 हजार रूपये की धनराशि देने की व्यवस्था की जा रही है।

प्राकृतिक आपदा उपरान्त प्रभावित गांवों (Uttarakhand)और परिवारों के पुनर्वास नीति 2011 के प्राविधानुसार राज्य में कुल 83 गांव एवं 1447 परिवारों को पुनर्वासित किया गया जिसके लिए 61 करोड़ 02 लाख 35 हजार रूपये की धनराशि प्रदान की गई जिसमें से वर्ष 2017 से पहले 02 गांवों के 11 परिवारों को जबकि वर्ष 2017 के बाद से 81 गांवों के 1436 परिवारों को पुनर्वासित किया गया।
गढ़वाल मण्डल (Uttarakhand) के अन्तर्गत चमोली जनपद के 15 गांवों के 279 परिवार , उत्तरकाशी जनपद के 05 गावों के 205 परिवार, टिहरी जनपद के 10 गांवों के 429 परिवार एवं रूद्रप्रयाग जनपद के 10 गांवों के 136 परिवार पुनर्वासित किये गये। जबकि कुमाँऊ मण्डल के अन्तर्गत पिथौरागढ़ के 31 गांवों के 321 परिवार, बागेश्वर जनपद के 09 गांवों के 68 परिवार, नैनीताल जनपद के 01 गांव के 01 परिवार एवं अल्मोड़ा जनपद के 02 गांवों के 08 परिवार विस्थापित किये गये। इस अवसर पर आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, सचिव आपदा प्रबंधन श्री एस.ए.मुरूगेशन, वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी उपस्थित थे।
कोरोना आपदा से हुई किसी रिश्तेदार की मौत? सरकार से ऐसे लें 50,000 रुपए की आर्थिक मदद
130 करोड़ देशवासियों को पीएम मोदी ने दिया तोहफा, शुरू की ये बेहतरीन योजना
इंडियन इकॉनमी के लिए आई गुड न्यूज, 2022 में चीन-अमेरिका को भी पीछे छोड़ देगा हिंदुस्तान

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *