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Up kiran,Digital Desk : ज्योतिष शास्त्र में शनि को न्याय का देवता और 'कर्मफल दाता' माना गया है। शनि की साढ़ेसाती का नाम सुनते ही अक्सर लोग भयभीत हो जाते हैं, लेकिन हकीकत में यह समय केवल कष्ट का नहीं, बल्कि अनुशासन और धैर्य की परीक्षा का होता है। वर्तमान में मेष, कुंभ और मीन राशि के जातक शनि की साढ़ेसाती के विभिन्न चरणों से गुजर रहे हैं। आइए जानते हैं आपकी राशि को शनि के इस कड़े घेरे से कब आजादी मिलेगी और इस दौरान किन विशेष उपायों से आप राहत पा सकते हैं।

कब मिलेगी मुक्ति? जानें अपनी राशि का हाल

हर राशि के लिए शनि का प्रभाव और राहत की तारीख अलग-अलग है:

1. कुंभ राशि: अब कुछ ही समय का है इंतजार

कुंभ राशि वालों के लिए राहत की खबर यह है कि वे अपनी साढ़ेसाती के अंतिम चरण में हैं। अंतिम दौर में शनि जाते-जाते व्यक्ति को उसकी मेहनत का मीठा फल देकर जाते हैं।

मुक्ति की तारीख: 3 जून 2027 को जैसे ही शनि अपनी राशि बदलेंगे, कुंभ राशि वालों को साढ़ेसाती से पूरी तरह छुटकारा मिल जाएगा।

2. मीन राशि: अभी बाकी है थोड़ा संघर्ष

मीन राशि के जातकों के लिए समय थोड़ा चुनौतीपूर्ण है। 3 जून 2027 से इनकी साढ़ेसाती का दूसरा और सबसे प्रभावशाली चरण शुरू होगा। इस दौरान आर्थिक और मानसिक संतुलन बनाए रखना बेहद जरूरी होगा।

मुक्ति की तारीख: मीन राशि वालों को 8 अगस्त 2029 को शनि के राशि परिवर्तन के साथ ही राहत मिलेगी।

3. मेष राशि: अभी तो सफर शुरू हुआ है

मेष राशि पर साढ़ेसाती का पहला चरण 29 मार्च 2025 से शुरू हुआ है। इस दौरान जिम्मेदारियों का बोझ बढ़ सकता है और मन में अस्थिरता रह सकती है। यह समय आपको भविष्य के लिए मजबूत बनाने का है।

मुक्ति की तारीख: मेष राशि वालों को पूरी राहत के लिए लंबा इंतजार करना होगा। इन्हें 31 मई 2032 को मुक्ति मिलेगी, जब शनि मिथुन राशि में प्रवेश करेंगे।

शनि के प्रकोप को कम करने के 5 अचूक उपाय

यदि आप साढ़ेसाती के प्रभाव से परेशान हैं, तो धर्म शास्त्रों में बताए गए ये उपाय 'रामबाण' साबित हो सकते हैं:

हनुमान चालीसा का पाठ: शनि देव पवनपुत्र हनुमान के भक्तों को कभी परेशान नहीं करते। नियमित पाठ से मानसिक शांति मिलती है।

छायादान (बेहद प्रभावी): शनिवार के दिन एक कटोरी में सरसों का तेल लें, उसमें अपना चेहरा देखें और फिर उस तेल को दान कर दें या डाकोत को दे दें।

पीपल की सेवा: शनिवार की शाम पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं और "ॐ शं शनैश्चराय नमः" मंत्र का जाप करें।

शनि मंत्र का जाप: प्रतिदिन 108 बार शनि बीज मंत्र का जाप करने से कार्यों में आ रही बाधाएं दूर होती हैं।

जरूरतमंदों की मदद: काले तिल, काली उड़द की दाल या काले कपड़ों का दान किसी गरीब व्यक्ति को करें। शनि देव सेवा भाव से जल्दी प्रसन्न होते हैं।

साढ़ेसाती का सकारात्मक पक्ष

याद रखें, साढ़ेसाती हमेशा बुरी नहीं होती। जो लोग ईमानदारी से अपना काम करते हैं और दूसरों का अहित नहीं करते, शनि उन्हें इस दौरान अपार धन और सामाजिक प्रतिष्ठा भी दिलाते हैं। यह समय आपको जीवन की सच्चाई सिखाने और परिपक्व बनाने के लिए आता है।