इंसानियत की बनी मिसाल, यहां आगे नहीं आया परिवार तो मुस्लिम ने किया हिन्दू युवक का अंतिम संस्कार

लाचारी की स्थिति में शख्स के मुस्लिम पड़ोसी ने सांप्रदायिक सौहार्द तथा इंसानियत की बेहतरीन मिसाल पेश की।

कोरोना वायरस ने देश में कई लोगों को नुकसान पहुंचाया है। ये तब और भयानक हो जाता है जब परिवार में किसी की मौत वायरस के कारण हो जाती है। यदि फैमिली में किसी को संक्रमण हो गया और वह उससे ठीक नहीं हो पा रहा है, तो ये मौत का कारण बन सकता है। ऐसे में एक बड़ा मामला तेलंगाना के कामरेड्डी जिले से सामने आया है, जहां एक हिंदू शख्स की मौत कोरोना वायरस से हुई है।

HINDU MUSLIM

एक बुजुर्ग हिंदू शख्स कोरोना से पीड़ित था और अपने होम क्वॉरन्टीन काल में था। उसकी मौत के बाद उसका कोई भी रिश्तेदार या पड़ोसी उसका अंतिम संस्कार करने के लिए आगे नहीं आया। इससे भी बदतर बात ये थी कि उनके परिवार के लोग असहाय थे। क्योंकि उन सभी को भी होम क्वॉरन्टीन गया था। ऐसी लाचारी की स्थिति में शख्स के मुस्लिम पड़ोसी ने सांप्रदायिक सौहार्द तथा इंसानियत की बेहतरीन मिसाल पेश की। जैसे-जैसे वे शख्स का अंतिम संस्कार किया गया।

मुस्लिम पड़ोसी शख्स के मित्र थे और जब ये खबर उन सभी 5 मित्रों तक पहुंची ताकि मृतक का अंतिम संस्कार तय किया जा सके। जिसके बाद उन्होंने आगे आकर उसका अंतिम संस्कार किया। लकड़ी इकट्ठा करने से लेकर शव को श्मशान ले जाने तक लोगों ने सभी रस्में निभाने में सहायता की। अमीर-बिन, कदीर, कसीर फहद बिन याहिया एवं गहाउस ने सामूहिक रूप से इसे अपनी सांप्रदायिक जिम्मेदारी के रूप में लिया है। पूरा कार्य सुरक्षा के साथ किया गया और ठीक से पीपीई किट पहनना।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *