नवरात्रि : शनिवार से हर ओर गूंजेगा ‘या देवी सर्वभूतेषु…’शेर पर नहीं घोड़े पर आ रही हैं मां दुर्गा 

कलश स्थापन शुभ मुहूर्त प्रातः बेला से है तथा रात में 11:39 तक प्रतिपदा तिथि है और उससे पहले कभी भी कलश स्थापन की जा सकती है।

नयी दिल्ली। वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण के बीच दुर्गा पूजा की तैयारी पूरी कर ली गई है। शनिवार को कलश स्थापन के साथ ही मां दुर्गा की भक्ति कर मनोवांछित फल पाने का अनुष्ठान शारदीय नवरात्र शुरू हो जाएगा। कलश स्थापन शुभ मुहूर्त प्रातः बेला से है तथा रात में 11:39 तक प्रतिपदा तिथि है और उससे पहले कभी भी कलश स्थापन की जा सकती है।
Mother Durga

इस वर्ष घोड़ा पर होगा मां का आगमन

मां दुर्गा का वाहन सिंह है, लेकिन इस वर्ष मां दुर्गा का आगमन घोड़ा पर हो रहा है। हर साल नवरात्र पर देवी अलग-अलग वाहन से आती हैं। नवरात्र की शुरुआत शनिवार के दिन से हो रही है और नवरात्र का पहला दिन शनिवार होने के कारण मां दुर्गा घोड़े पर आएंगी। मां दुर्गा की सवारी घोड़ा रहता है युद्ध, गृह युद्ध, आंधी, तूफान और सत्ता में उथल-पुथल, छात्रभंग योग बन रहा है। आखिरी दिन रविवार होने से मां भैंसा पर सवार होकर विदा होंगी, इसके कारण रोग और शोक-संताप बढ़ने की आशंका है।

नवरात्र कलश स्थापना का शुभ समय चौघड़िया

  • सुबह में 7 बजकर 25 मिनट से कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त शुरू
  • राहुकाल 9 बजे से 10 बजकर 30 मिनट तक।
  • काल चौघड़िया सुबह 6 बजकर 35 मिनट से 8 बजकर 3 मिनट तक।
  • शुभ चौघड़िया 8 बजकर 3 मिनट से 9 बजकर 30 मिनट तक।
  • अभिजीत मुहूर्त 11 बजकर 43 मिनट से दोपहर 12 बजकर 28 मिनट तक

नोट: सुबह 8 बजकर 3 मिनट से 9 बजे तक का समय कलश बैठाने के लिए उत्तम है, इसके बाद अभिजीत मुहूर्त में कलश बैठा सकते हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *