श्रीविजयनगर में चेयरमैन चुनाव से पहले भारी बवाल: कांग्रेस पार्षदों के कथित अपहरण व फायरिंग के आरोप से भड़की हिंसा
राजस्थान के श्रीगंगानगर जनपद के कस्बा श्रीविजयनगर में नगरपालिका अध्यक्ष (चेयरमैन) पद के चुनाव से ठीक पहले सियासी घमासान ने हिंसक और तनावपूर्ण रूप ले लिया। रायसिंहनगर से श्रीविजयनगर मतदान के लिए आ रहे कांग्रेस समर्थित पार्षदों को बाजूवाला के पास रास्ते में रोके जाने और कथित रूप से जबरन ले जाने की खबर फैलते ही इलाके में भारी आक्रोश फैल गया।
इसी बीच मौके पर कथित फायरिंग की सूचना से हड़कंप मच गया, जिससे स्थिति बेकाबू हो गई और भारी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। हालांकि, पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से फायरिंग और पार्षदों को रास्ते में रोके जाने की आधिकारिक पुष्टि का अभी इंतजार किया जा रहा है।
बाउंसरों द्वारा 4 पार्षदों के कथित अपहरण व फायरिंग के आरोप
स्थानीय मीडिया और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मतदान से चंद घंटे पहले यह गंभीर आरोप सामने आया कि बाड़ेबंदी से आ रहे चार कांग्रेसी पार्षदों को बाउंसरों के जरिए जबरन गाड़ियों में बैठाकर अगवा कर लिया गया।
कांग्रेस प्रत्याशी के समर्थकों ने भाजपा प्रत्याशी राजेंद्र लेघा और उनके समर्थकों पर दबाव बनाने तथा फायरिंग करने का सीधा आरोप लगाया। कांग्रेस खेमे का दावा है कि पार्षदों को मतदान में हिस्सा लेने से रोकने के लिए यह सुनियोजित साजिश रची गई। पार्षदों के कथित अपहरण की खबर जैसे ही कस्बे में आग की तरह फैली, विरोधस्वरूप व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों ने श्रीविजयनगर कृषि उपज मंडी और मुख्य बाजार को पूरी तरह बंद कर दिया।
बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस पर पथराव और लाठीचार्ज में पुलिसकर्मी घायल
घटना से गुस्साए सैकड़ों लोगों ने मतदान केंद्र और मुख्य चौराहों पर पुलिस द्वारा की गई बैरिकेडिंग को तोड़ने का पुरजोर प्रयास किया। भीड़ को अनियंत्रित होते देख पुलिस प्रशासन ने हल्का बल प्रयोग (लाठीचार्ज) कर स्थिति को संभालने की कोशिश की। झड़प और तनाव के दौरान एक पुलिसकर्मी के सिर पर गंभीर चोट लगने की सूचना मिली है। कस्बे में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस के उच्चाधिकारी अतिरिक्त पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंच गए और पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया है।
कड़े पहरे के बीच भाजपा प्रत्याशी और पार्षदों का मतदान जारी
सड़कों पर मचे इस घमासान और विरोध-प्रदर्शन के बीच नगरपालिका भवन में मतदान प्रक्रिया जारी रखी गई। भाजपा के अध्यक्ष पद प्रत्याशी राजेंद्र लेघा सहित भाजपा समर्थित पार्षदों ने पुलिस सुरक्षा घेरे के बीच पहुंचकर मतदान किया। प्रशासन ने मतदान केंद्र के आसपास त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी है ताकि किसी भी तरह के व्यवधान को रोका जा सके।
पूरे इलाके में धारा और अलर्ट, आधिकारिक बयान का इंतजार
श्रीविजयनगर में बने इस अप्रत्याशित तनाव के बाद प्रशासनिक अमला पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद शांति समिति और दोनों पक्षों से संवाद कर स्थिति को सामान्य करने में जुटे हैं। उच्चाधिकारियों का कहना है कि फायरिंग और अपहरण के आरोपों की गहन जांच की जा रही है और पूरे घटनाक्रम पर जल्द ही स्थिति स्पष्ट की जाएगी। फिलहाल इलाके में सियासी पारा चरम पर है और सुरक्षा बल लगातार गश्त कर रहे हैं।