सँवरेगी सब सेंटर पिपरा रसूलपुर की सूरत, बेहतर होंगी स्वास्थ्य सेवाएं

डिविजनल कार्यक्रम प्रबंधक ने लिया पिपरा रसूलपुर हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर व सब सेंटर को गोद

महराजगंज॥ नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड (एन्क्वास) के मानक पर तैयार किए जा रहे उप स्वास्थ्य केन्द्र व हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर पिपरा रसूलपुर की न केवल सूरत सँवरेगी बल्कि स्वास्थ्य सुविधाएं भी और बेहतर होंगी। इसके लिए इस हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर/ उप स्वास्थ्य केन्द्र को मंडलीय कार्यक्रम प्रबंधक अरविंद पाण्डेय ने गोद लिया है। इस उपकेन्द्र को एन्क्वास के मानक पर खरा उतारने के प्रयास शुरू कर दिए गए हैं।

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जिला मुख्यालय से करीब 11 किमी. दूर महराजगंज-फरेन्दा मार्ग पर स्थित हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर व उप स्वास्थ्य केन्द्र पिपरा रसूलपुर की सूरत सँवारने में जन प्रतिनिधियों के साथ- साथ प्रशासनिक अधिकारियों का भी सहयोग लिया जा रहा है।

सदर सीएचसी के अधीक्षक डाॅ. केपी सिंह ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्र को देखते हुए इस उपकेन्द्र पर आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने की पहल जारी है। इस उप स्वास्थ्य केन्द्र की व्यवस्था सुदृढ़ हो जाने से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की करीब 20 हजार की आबादी लाभान्वित होगी।

सुरक्षित प्रसव के लिए 24 घंटे सेवा उपलब्ध कराने, 13 प्रकार की जांच उपलब्ध कराने, कम्यूनिटी हेल्थ आफिसर द्वारा ओपीडी की सेवा सुलभ कराने, भवन की साज सज्जा दुरूस्त करने, बेहतर साफ सफाई एवं पथ प्रकाश की व्यवस्था की जा रही है । एक तरह से इस उप स्वास्थ्य केन्द्र का कायाकल्प कराया जा रहा है।

मंडलीय कार्यक्रम प्रबंधक अरविंद पाण्डेय ने कहा कि वह इस उप स्वास्थ्य केंद्र को गोद लिए हैं, जिसे आगामी दिसंबर माह तक नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड ( एन्क्वास) के मानक पर खरा उतारने की पूरी कोशिश की जा रही है। चेक लिस्ट के सभी सात बिन्दुओं पर यह हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर व उप स्वास्थ्य केन्द्र खरा उतरे, इसके लिए जन प्रतिनिधियों और अधिकारियों का भी सहयोग लिया जा रहा है।

एक ही परिसर में होगा हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर, एएनएम सेंटर व आंगनबाड़ी केन्द्र

सदर सीएचसी के अधीक्षक डाॅ. केपी सिंह ने बताया कि पिपरा रसूलपुर का हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर, एएनएम सेंटर व आंगनबाड़ी केन्द्र आसपास ही हैं, इसे एक परिसर में लाने के लिए चहार दीवारी की जरूरत है। चहारदीवारी के लिए धन की आवश्यकता पड़ेगी, इसके लिए मुख्य विकास अधिकारी से अनुरोध किया गया है।

यदि चहारदीवारी बन गयी तो एक ही परिसर में ओपीडी, प्रसव एवं जांच सुविधा के साथ साथ आंगनबाड़ी केन्द्र का भी लोगों को लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।

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