चीन में कुदरत का डबल अटैक: भयंकर तूफान और लैंडस्लाइड से मची भारी तबाही, 8 की मौत
मध्य और उत्तर-पश्चिमी चीन इस समय भीषण प्राकृतिक आपदाओं की दोहरी मार झेल रहा है। चीन के एक बड़े हिस्से में मौसम ने ऐसा खतरनाक रूप अख्तियार किया है कि हर तरफ चीख-पुकार मची हुई है। मध्य चीन के हुबेई प्रांत में आए विनाशकारी तूफान और चक्रवाती हवाओं ने भारी तबाही मचाई है, जिसमें कम से कम आठ लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है।
वहीं, दूसरी तरफ पड़ोसी गांसु प्रांत में मंगलवार तड़के हुए एक भीषण भूस्खलन (लैंडस्लाइड) ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। प्रशासन और बचाव दल मलबे के नीचे दबे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं।
मिनटों में उजड़ गए सैकड़ों आशियाने
हुबेई प्रांत के आपातकालीन प्रबंधन विभाग से मिली आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, सोमवार शाम 7 बजे से लेकर रात 11 बजे के बीच प्रकृति का सबसे क्रूर चेहरा देखने को मिला। हुबेई के हुआंगशी, हुआंगगांग, एझोउ और शियानिंग जैसे प्रमुख शहरों में अचानक आए भीषण आंधी-तूफान और अत्यधिक तेज हवाओं ने सब कुछ तहस-नहस कर दिया। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, क्षेत्र के दो कस्बों में रिकॉर्ड 13वें स्तर (Category 13) की विनाशकारी हवाएं चलीं। कई प्रत्यक्षदर्शियों ने कुछ इलाकों में बेहद डरावने बवंडर (टॉर्नेडो) आने की भी पुष्टि की है, जिसने गगनचुंबी इमारतों और पेड़ों को तिनके की तरह उखाड़ फेंका।
हुआंगगांग शहर में सबसे ज्यादा तबाही
इस प्राकृतिक आपदा का सबसे घातक असर हुआंगगांग शहर के हुआंगझोउ जिले में देखने को मिला, जहां के तीन रिहायशी समुदाय पूरी तरह मलबे में तब्दील हो गए। स्थानीय बचाव मुख्यालय की रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार सुबह 5 बजे तक केवल इन तीन समुदायों से ही 275 से अधिक लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की खबर सामने आई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आपदा प्रबंधन टीमों ने तुरंत एक्शन लेते हुए 408 निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर एयरलिफ्ट और रेस्क्यू किया है। हालांकि, एक नागरिक अभी भी लापता बताया जा रहा है, जिसकी तलाश में खोजी कुत्ते और आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं।