Up Kiran, Digital Desk: मेरठ पुलिस ने मसाज और स्पा सेंटरों के नाम पर चल रहे अवैध कारोबार का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में जो तथ्य सामने आए हैं, वह समाज के लिए चिंता का विषय हैं। पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर 20 युवतियों और एक युवक को गिरफ्तार किया। यह रैकेट इतना शातिर था कि इसके संचालक आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल कर पुलिस की नजरों से बचने में कामयाब हो रहे थे।
गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई
मंगलवार की सुबह मेरठ की सड़कों पर सायरनों की तेज आवाजें गूंज रही थीं, जब पुलिस ने चार अलग-अलग स्थानों पर छापे मारे। यह कार्रवाई किसी सामान्य जांच का हिस्सा नहीं थी। पुलिस को पुख्ता जानकारी मिली थी कि कुछ स्पा सेंटरों में अनैतिक गतिविधियां हो रही हैं, और इसके आधार पर छापेमारी की गई।
सुरक्षित दिखने वाले स्पा सेंटरों में अवैध व्यापार
इन स्पा सेंटरों में सिर्फ रिलैक्सेशन की बजाय कुछ और ही चल रहा था। 20 युवतियों और एक युवक को हिरासत में लिया गया। पुलिस अधिकारियों को इस तथ्य ने चौंका दिया कि युवतियों के साथ सिर्फ एक पुरुष पाया गया, जिससे यह संदेह गहरा हो गया कि कहीं इन गतिविधियों के पीछे एक संगठित मानव तस्करी का नेटवर्क तो नहीं काम कर रहा है।
सोशल मीडिया के जरिए किया जाता था सौदा
यह रैकेट अपनी गतिविधियों को छिपाने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहा था। ग्राहक सीधे स्पा सेंटर तक नहीं पहुंच सकते थे। यह सब व्हाट्सएप और अन्य सोशल मीडिया चैनलों के माध्यम से तय होता था। ग्राहकों की पहचान के बाद ही उन्हें लोकेशन दी जाती थी और बुकिंग से पहले 'सर्विसेज' की जानकारी डिजिटल तरीके से दी जाती थी। यह तरीका इतना शातिर था कि पुलिस को इसकी जानकारी प्राप्त करने में काफी समय लगा।




