Up kiran,Digital Desk : पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका के बीच गहराते युद्ध के बादलों के बीच भारत ने अपने पड़ोसियों को स्पष्ट संदेश दे दिया है। केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में आयोजित 'सैनिक सम्मान सम्मेलन' को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान का नाम लिए बिना उसे कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने साफ लहजे में कहा कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों का फायदा उठाकर अगर किसी ने भी भारत के खिलाफ कोई दुस्साहस किया, तो भारत की जवाबी कार्रवाई इस बार अभूतपूर्व और निर्णायक होगी।
ऑपरेशन सिंदूर अभी खत्म नहीं हुआ, आतंकियों को घर में घुसकर मारेंगे
रक्षा मंत्री ने पिछले साल पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों के खिलाफ किए गए 'ऑपरेशन सिंदूर' का जिक्र करते हुए पड़ोसी देश की रूह कपा दी। उन्होंने दो टूक कहा कि ऑपरेशन सिंदूर अभी बंद नहीं हुआ है। सिंह ने याद दिलाया कि कैसे पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सेना ने महज 22 मिनट के भीतर पाकिस्तान को घुटनों पर ला दिया था। उन्होंने कहा कि आज का भारत आतंकवाद के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति पर चलता है। अगर जरूरत पड़ी तो भारतीय सेना सीमा के इस पार भी मारेगी और सीमा के उस पार जाकर भी दुश्मनों का सफाया करने से पीछे नहीं हटेगी।
बदली हुई रणनीति और निर्णायक कार्रवाई का दौर
राजनाथ सिंह ने जोर देकर कहा कि केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति अपने नजरिए और कार्रवाई के तरीके, दोनों में व्यापक बदलाव किया है। पहलगाम में जिस तरह आतंकियों ने लोगों की पहचान पूछकर उन्हें निशाना बनाया, उसने देश की सामाजिक एकता पर प्रहार किया था। रक्षा मंत्री ने चेतावनी दी कि भारत की सोशल फैब्रिक को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने सैनिकों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि यदि पाकिस्तान की ओर से कोई भी नापाक हरकत होती है, तो भारतीय सेना ऐसा सबक सिखाएगी जिसे वो कभी भूल नहीं पाएंगे।
वैश्विक तनाव के बीच सतर्क है भारतीय सेना
ईरान और अमेरिका के बीच जारी सैन्य तनाव के बीच राजनाथ सिंह का यह बयान सामरिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। रक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि पड़ोसी देश मौजूदा हालातों का गलत फायदा उठाने की कोशिश न करे। उन्होंने कहा कि पहले की तुलना में अब भारत की प्रतिक्रिया का स्तर कहीं अधिक घातक होगा। सिंह ने दोहराया कि भारत अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है और किसी भी स्थिति में अपनी सुरक्षा से समझौता नहीं करेगा।




