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Up kiran,Digital Desk : अमेरिका और वेनेजुएला के बीच वर्षों से चले आ रहे तनावपूर्ण रिश्तों में गुरुवार को एक बड़ा मोड़ आया। अमेरिकी वित्त विभाग (US Treasury Department) ने वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज (Delcy Rodríguez) पर लगे सभी प्रतिबंधों को हटाने की आधिकारिक घोषणा की है। इस फैसले को दक्षिण अमेरिकी देश में लोकतांत्रिक स्थिरता और ऊर्जा सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण 'गेम-चेंजर' माना जा रहा है।

वित्त मंत्रालय का बड़ा फैसला: लिस्ट से हटा रोड्रिगेज का नाम

अमेरिकी वित्त मंत्रालय के विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय (OFAC) ने बुधवार (स्थानीय समय) को अपनी वेबसाइट पर अपडेट जारी कर बताया कि डेल्सी रोड्रिगेज अब प्रतिबंधों की सूची में शामिल नहीं हैं।

पृष्ठभूमि: रोड्रिगेज पर साल 2018 में निकोलस मादुरो सरकार के कार्यकाल के दौरान प्रतिबंध लगाए गए थे।

वर्तमान स्थिति: जनवरी 2026 में हुए सैन्य घटनाक्रम के बाद रोड्रिगेज ने कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में कमान संभाली थी, जिसके बाद से वॉशिंगटन लगातार उनके प्रशासन के संपर्क में है।

रोड्रिगेज का 'एक्स' (X) पर पोस्ट: "द्विपक्षीय संबंधों के लिए सकारात्मक कदम"

कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने सोशल मीडिया पर इस फैसले का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के इस कदम को दोनों देशों के बीच संबंधों को सामान्य बनाने की दिशा में 'ऐतिहासिक' बताया।

आर्थिक विकास की उम्मीद: उन्होंने आशा जताई कि इस फैसले से वेनेजुएला पर लगे अन्य आर्थिक प्रतिबंधों को हटाने का रास्ता साफ होगा।

निवेश और सहयोग: रोड्रिगेज ने कहा, "यह निर्णय तीव्र आर्थिक विकास, निवेश और प्रभावी द्विपक्षीय सहयोग को बढ़ावा देगा। आइए, एक समृद्ध वेनेजुएला के लिए मिलकर काम करें।"

जनवरी 2026 का वो घटनाक्रम: जब बदली वेनेजुएला की सत्ता

वेनेजुएला में सत्ता परिवर्तन की कहानी 3 जनवरी 2026 को शुरू हुई थी:

अमेरिकी सैन्य अभियान: अमेरिकी बलों ने एक व्यापक ऑपरेशन चलाकर तत्कालीन राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को हिरासत में लेकर न्यूयॉर्क पहुँचाया था।

कार्यवाहक सरकार: मादुरो की अनुपस्थिति में उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने कार्यवाहक राष्ट्रपति का पदभार संभाला।

दूतावास का फिर से खुलना: संबंधों में सुधार का सबसे बड़ा संकेत सोमवार को मिला, जब काराकास में अमेरिकी दूतावास 7 साल बाद दोबारा खोल दिया गया।

तेल और ऊर्जा का बड़ा खेल

विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका की इस 'नरमी' के पीछे वैश्विक ऊर्जा संकट और ईरान के साथ चल रहा युद्ध एक बड़ा कारण हो सकता है।

दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार: वेनेजुएला के पास दुनिया के सबसे बड़े प्रमाणित तेल भंडारों में से एक है।

ऊर्जा सुरक्षा: ईरान युद्ध के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति प्रभावित हुई है, ऐसे में अमेरिका वेनेजुएला के ऊर्जा क्षेत्र में निवेश और आयात के रास्ते खोलकर अपनी ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करना चाहता है।