img

Up Kiran, Digital Desk: ऑस्ट्रेलिया के कार्यवाहक कप्तान, स्टीवन स्मिथ, ने हाल ही में खुलासा किया कि वह 2027 एशेज सीरीज में भाग लेने को लेकर पूरी तरह से आश्वस्त नहीं हैं। 38 साल की उम्र में, स्मिथ खुद को इस सीरीज का हिस्सा बनने के लिए पूरी तरह से तैयार नहीं पाते हैं, हालांकि वह इस महत्वपूर्ण सीरीज में खेलना जरूर चाहते हैं। इस समय, ऑस्ट्रेलियाई टीम ने एक उल्लेखनीय जीत हासिल की है, जिसमें अनुभव और युवा खिलाड़ियों का संतुलित मिश्रण नजर आया।

ऑस्ट्रेलिया ने एशेज पर किया शानदार कब्जा

ऑस्ट्रेलिया ने सिडनी में एक अनुभवहीन, लेकिन अत्यधिक प्रतिस्पर्धी टीम के साथ 4-1 से एशेज पर कब्जा जमाया। यह जीत इतिहास में दर्ज की जाएगी, क्योंकि टेस्ट क्रिकेट में पहली बार किसी टीम ने 30 साल से ऊपर के 10 खिलाड़ियों के साथ सीरीज खेली। विशेष रूप से पर्थ और सिडनी में ऑस्ट्रेलिया ने इस असामान्य रिकॉर्ड को दो बार तोड़ा। इंग्लैंड ने भी 1909 से 1926 के बीच ऐसा किया था, लेकिन उसके बाद ऐसा कोई उदाहरण नहीं आया था।

आयु के बावजूद जीत की दिशा में निरंतर योगदान

ऑस्ट्रेलिया के अनुभव से भरे दल ने इस सीरीज में अपनी क्षमता साबित की। 35 वर्षीय मिचेल स्टार्क ने प्लेयर ऑफ द सीरीज का पुरस्कार जीता, जबकि 36 वर्षीय स्कॉट बोलैंड ने पूरी सीरीज में भाग लिया और 20 विकेट हासिल किए। 35 वर्षीय माइकल नीसर ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया, और तीन टेस्ट मैचों में 15 विकेट झटके। यह स्पष्ट करता है कि उम्र केवल एक संख्या है जब आपके पास अनुभव और खेल की समझ हो।

स्मिथ का इंग्लैंड में जीतने का सपना

स्मिथ ने यह स्वीकार किया कि इंग्लैंड में एशेज जीतने का उनका सपना अभी भी अधूरा है। उन्होंने कहा, "मैं पूरी तरह से जानता हूं कि हर खिलाड़ी वहां जाने और जीतने के लिए अपनी पूरी ताकत लगाएगा, लेकिन मुझे यकीन नहीं है कि मैं 2027 तक उस लक्ष्य का हिस्सा बन पाऊंगा।" स्मिथ ने यह भी जोड़ा कि यह उनकी उम्मीदों का हिस्सा है, क्योंकि इंग्लैंड में खेले गए पिछले दो ड्रॉ एशेज सीरीज में वह विजेता बनने में नाकाम रहे थे।