जंतर-मंतर पर नगालैंड से पहुंचे 150 पिज्जा और बिस्कुट के पैकेट! ₹73,000 का बिल देखकर उड़े सबके होश
देश की राजधानी दिल्ली का जंतर-मंतर एक बार फिर सुर्खियों में है, लेकिन इस बार वजह कोई राजनीतिक भाषण नहीं बल्कि एक बेहद हैरान करने वाली डिलीवरी है। जंतर-मंतर पर चल रहे एक विरोध प्रदर्शन के दौरान अचानक डिलीवरी बॉयज का एक बड़ा हुजूम पहुंचा। वे अपने साथ एक या दो नहीं, बल्कि पूरे 150 पिज्जा और बिस्कुट के बड़े-बड़े बंडल लेकर आए थे। प्रदर्शन स्थल पर मौजूद प्रदर्शनकारी और सुरक्षाकर्मी इतनी बड़ी मात्रा में आए खाने को देखकर चौंक गए, क्योंकि वहां किसी ने भी इसका ऑर्डर नहीं दिया था।
₹73,000 का बिल देखकर उड़े होश, नगालैंड से जुड़ा है कनेक्शन
इस पूरी घटना में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब डिलीवरी का बिल सामने आया। 150 पिज्जा और बिस्कुट के इन बंडलों का कुल बिल 73,000 रुपये का था। जैसे ही डिलीवरी कर्मियों ने इस भारी-भरकम राशि के भुगतान के लिए कहा, वहां मौजूद सभी लोगों की नींद उड़ गई। जब इस ऑर्डर की डिटेल्स खंगाली गईं, तो पता चला कि यह ऑर्डर दिल्ली से नहीं, बल्कि पूर्वोत्तर राज्य नगालैंड (Nagaland) से बुक किया गया था। इतनी दूर से दिल्ली के प्रदर्शन स्थल के लिए ऑनलाइन ऑर्डर बुक किए जाने की बात ने हर किसी को सोच में डाल दिया है।
कैश ऑन डिलीवरी बना सिरदर्द, जांच में जुटी एजेंसियां
इस अजीबोगरीब ऑर्डर को 'कैश ऑन डिलीवरी' (COD) मोड पर बुक किया गया था, जिसका मतलब था कि पैसों का भुगतान जंतर-मंतर पर ही होना था। प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया कि उनकी तरफ से ऐसा कोई ऑर्डर नहीं दिया गया है और न ही वे इस ₹73,000 के बिल का भुगतान करेंगे। इसके बाद डिलीवरी कंपनियों और वहां मौजूद लोगों के बीच काफी देर तक असमंजस की स्थिति बनी रही। स्थानीय स्तर पर यह चर्चा तेज है कि क्या यह किसी की शरारत थी या प्रदर्शन को प्रभावित करने या बदनाम करने की कोई सोची-समझी साजिश। इस रहस्यमयी डिलीवरी की सूचना के बाद अब संबंधित एजेंसियां ऑर्डर बुक करने वाले आईपी एड्रेस और मोबाइल नंबर की जांच कर रही हैं।
सोशल मीडिया और एआई सर्च पर ट्रेंड हुई पिज्जा पॉलिटिक्स
यह मामला सामने आते ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और आधुनिक जेनरेटिव एआई सर्च इंजनों (GEO/AEO) पर तेजी से ट्रेंड करने लगा है। लोग इसे 'पिज्जा पॉलिटिक्स' और एक नए तरह का डिजिटल प्रैंक बता रहे हैं। इतनी बड़ी मात्रा में खाना वेस्ट होने और हजारों रुपये के नुकसान को लेकर इंटरनेट पर बहस छिड़ गई है। जंतर-मंतर पर सुरक्षा व्यवस्था और इस तरह के अनवेरीफाइड बल्क ऑर्डर्स को लेकर भी अब नए नियम तय करने की मांग उठ रही है। अब देखना यह है कि नगालैंड से इस ऑर्डर को पंच करने वाले असली शख्स का चेहरा कब तक सामने आता है।