नीट पेपर लीक और लाठीचार्ज के खिलाफ पटना में उबाल: मोबाइल टावर पर चढ़े प्रदर्शनकारी, तेज प्रताप यादव भी पहुंचे
बिहार की राजधानी पटना में नीट पेपर लीक कांड, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और पुलिस लाठीचार्ज के खिलाफ छात्र संगठनों का आक्रोश सड़क पर फूट पड़ा है। आइसा (AISA) और राष्ट्रीय युवा आंदोलन के बैनर तले हजारों छात्र और युवा सड़कों पर उतरकर जोरदार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था को धता बताते हुए शहर के प्रमुख इलाकों में जमकर हंगामा किया, जिससे प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए हैं।
रामगुलाम चौक पर हाई-वोल्टेज ड्रामा, टावर पर चढ़े प्रदर्शनकारी और तेज प्रताप यादव की एंट्री
प्रदर्शन के दौरान उस वक्त माहौल और ज्यादा गरमा गया जब रामगुलाम चौक के पास कुछ उग्र प्रदर्शनकारी अपनी मांगों को लेकर एक ऊंचे मोबाइल टॉवर पर जा चढ़े।
इस सनसनीखेज नज़रे के बीच आरजेडी नेता और पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव भी समर्थन देने के लिए मौके पर पहुंच गए। टावर पर चढ़े युवकों के साथ उन्होंने तिरंगा लहराया और सरकार विरोधी नारे लगाए। स्थिति को बेकाबू होते देख मौके पर मौजूद पुलिस और सुरक्षा बलों ने तुरंत मोर्चा संभाला और तेज प्रताप यादव समेत कई प्रदर्शनकारियों को अपनी हिरासत में ले लिया।
डाकबंगला चौराहे पर उग्र प्रदर्शन और पुलिस का लाठीचार्ज
रामगुलाम चौक के हंगामे के बाद प्रदर्शनकारी भारी पुलिस पहरेबंदी को तोड़ते हुए शहर के सबसे व्यस्त माने जाने वाले डाकबंगला चौराहे तक पहुंच गए। यहां छात्रों और युवाओं ने उग्र प्रदर्शन शुरू कर दिया। हालात जब पुलिस के नियंत्रण से बाहर होने लगे, तो भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने ताबड़तोड़ लाठीचार्ज कर दिया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रदर्शनकारियों की तरफ से भी भारी पथराव किया गया और सड़क पर बड़ी-बड़ी ईंटें फेंकी गईं। हालात की नजाकत को देखते हुए मौके पर वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। खुद पटना एसएसपी हेलमेट पहनकर सड़क पर उतरे और मोर्चा संभाला। एसएसपी कार्तिकेय के शर्मा ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिस बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश की और पुलिसकर्मियों पर पथराव किया।
सुरक्षा बलों ने कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई उपद्रवियों को हिरासत में लिया है और स्पष्ट चेतावनी दी है कि जो भी कानून हाथ में लेगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।