स्कूटी की डिग्गी और पैनल के अंदर छिपा था मौत का सामान

स्कूटी की डिग्गी और पैनल के अंदर छिपा था मौत का सामान

उत्तर प्रदेश और आसपास के मैदानी इलाकों में इन दिनों मौसम में बदलाव के चलते अक्सर जहरीले और खतरनाक सांपों के रिहायशी इलाकों में निकलने की घटनाएं तेजी से सामने आ रही हैं। ऐसी ही एक बेहद खौफनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना हाल ही में सामने आई, जब रोजमर्रा की तरह लोग अपने कामों में व्यस्त थे कि तभी एक स्कूटी के अंदर छिपे बैठे एक मेहमान ने ऐसा कोहराम मचाया कि देखने वालों की सांसे थम गईं। स्कूटी के मालिक ने जब अपनी गाड़ी को स्टार्ट करने या उसकी डिग्गी खोलने की कोशिश की, तो अंदर कुछ ऐसा सरसराहट भरा अहसास हुआ जिसने उसे पीछे हटने पर मजबूर कर दिया। जब ध्यान से देखा गया तो पाया गया कि उस दोपहिया वाहन के प्लास्टिक पैनल्स और इंजन के पास कोई साधारण जीव नहीं, बल्कि करीब 6 फीट लंबा एक खतरनाक और फुर्तीला सांप कुंडली मारकर बैठा हुआ है। इस बात की भनक लगते ही आसपास के मोहल्ले और बाजार में सनसनी फैल गई, और देखते ही देखते वहां भारी भीड़ जमा हो गई। कोई भी व्यक्ति उस स्कूटी के पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था, क्योंकि जरा सी लापरवाही एक बड़े हादसे या जानलेवा डसने का कारण बन सकती थी।

लोगों में मची अफरा-तफरी, कोई नहीं जुटा पा रहा था पास जाने की हिम्मत, तुरंत बुलाई गई वन विभाग की मदद

शहर के व्यस्त इलाके में अचानक वाहन के भीतर सांप के छिपे होने की खबर आग की तरह फैल गई, जिससे स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों के बीच भारी दहशत का माहौल बन गया। लोग दूर खड़े होकर अपने मोबाइल्स से इस अनोखी घटना का वीडियो बनाने लगे, लेकिन डर इतना ज्यादा था कि स्कूटी के पास जाने की हिम्मत किसी की भी नहीं हो रही थी। गाड़ी का मालिक भी सदमे में था कि आखिर यह खतरनाक जीव उसकी स्कूटी के अंदर घुसा कैसे और कब। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए तुरंत स्थानीय वन्यजीव संरक्षण दल और एक अनुभवी स्नेक सेवर (Snake Saver) को फोन करके मौके पर बुलाया गया। जब तक बचाव दल मौके पर नहीं पहुंचा, तब तक लोगों की धड़कनें बढ़ी हुई थीं और हर कोई यही प्रार्थना कर रहा था कि यह सांप बाहर निकलकर किसी को नुकसान न पहुंचा दे। इस तरह की घटनाएं यह याद दिलाती हैं कि शहरीकरण के कारण जब प्राकृतिक आवास कम होते हैं, तो वन्यजीव अनजाने में इंसानी बस्तियों और वाहनों में शरण लेने को मजबूर हो जाते हैं।

स्नेक सेवर का साहसिक अभियान: पसीने छुड़ाने वाले रेस्क्यू ऑपरेशन में बाहर निकाला गया 6 फीट का जहरीला जीव

मौके पर पहुंचे प्रशिक्षित स्नेक सेवर ने जब स्थिति का जायजा लिया, तो उन्होंने पाया कि मामला वाकई बहुत गंभीर है क्योंकि सांप स्कूटी के अंदर बहुत ही गहराई में और ऐसी संवेदनशील जगह पर बैठा था जहां हाथ डालना असंभव था। रेस्क्यू करने वाले विशेषज्ञ ने अपनी सूझबूझ और पेशेवर उपकरणों का इस्तेमाल करते हुए सबसे पहले स्कूटी के प्लास्टिक कवर्स, बॉडी पैनल्स और डिग्गी के हिस्सों को बहुत ही सावधानी के साथ एक-एक करके खोलना शुरू किया। जैसे-जैसे पार्ट्स अलग किए जा रहे थे, सांप और अधिक गुस्से में आकर फुफकारने लगा और अपनी जगह बदलने की कोशिश कर रहा था, जिससे वहां खड़े लोगों की चीखें निकल पड़ीं। भीषण गर्मी और तनाव के इस माहौल में स्नेक सेवर को उस 6 फीट लंबे सांप को काबू करने में अपने पसीने छुड़ाने पड़े, क्योंकि एक जरा सी चूक सांप को और अधिक आक्रामक बना सकती थी। आखिरकार, घंटों चली इस लुकाछिपी और कड़ी मशक्कत के बाद विशेषज्ञ ने अपनी पकड़ मजबूत करते हुए उस खतरनाक सांप को सुरक्षित रूप से बाहर खींच लिया और एक विशेष रेस्क्यू बैग में बंद कर दिया।

सुरक्षित जंगल में छोड़ा गया सांप, प्रशासन ने वाहन चालकों को दी विशेष सावधानी बरतने की सलाह

सांप के पकड़े जाने के बाद वहां मौजूद सभी लोगों ने राहत की सांस ली और ताली बजाकर उस बहादुर स्नेक सेवर के साहस की जमकर सराहना की। रेस्क्यू किए गए इस करीब 6 फीट लंबे सांप को प्राथमिक जांच के बाद स्थानीय वन विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में सुरक्षित रूप से एक घने जंगल या प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया, ताकि वह प्रकृति के बीच स्वतंत्र रह सके। इस पूरी घटना के बाद से स्थानीय प्रशासन और वन्यजीव विशेषज्ञों ने सभी वाहन चालकों और आम नागरिकों के लिए एक चेतावनी जारी की है कि वे अपनी गाड़ियों, कारों और टू-व्हीलर्स को हमेशा सुरक्षित और ढकी हुई जगहों पर पार्क करें। यदि कभी भी किसी वाहन के अंदर या आसपास इस तरह का कोई वन्यजीव दिखाई दे, तो खुद हीरो बनने के बजाय तुरंत किसी पेशेवर स्नेक कैचर या वन विभाग को सूचना दें। अंततः, इस साहसिक रेस्क्यू ऑपरेशन ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि थोड़ी सी सतर्कता और विशेषज्ञ की मदद से बड़े से बड़े खतरे को आसानी से टाला जा सकता है।