होमवर्क पूरा न करने पर 20 रुपए का जुर्माना लगने के बाद 8वीं क्लास की छात्रा ने जान दी
कर्नाटक के अनेकल से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहां स्कूल की एक छात्रा ने केवल होमवर्क पूरा न करने पर प्रताड़ित किए जाने के बाद आत्मघाती कदम उठा लिया। अमूमन स्कूलों में होमवर्क न करने पर बच्चों को डांट या सामान्य सजा दी जाती है, लेकिन यहां आठवीं कक्षा की एक मासूम छात्रा को ₹20 का जुर्माना न भर पाने और स्कूल से निकाले जाने की धमकी के कारण अपनी जीवन लीला समाप्त करनी पड़ी। इस दिल दहला देने वाले मामले के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
सुसाइड नोट में बयां किया स्कूल का खौफनाक बर्ताव
खौफनाक कदम उठाने वाली इस 8वीं क्लास की छात्रा की पहचान मधुश्री के रूप में हुई है, जो अनेकल के ही एक स्थानीय स्कूल में पढ़ती थी। अपनी जान देने से पहले मासूम मधुश्री ने एक बेहद भावुक सुसाइड नोट लिखा था, जिसमें उसने इस आत्मघाती फैसले के पीछे की पूरी सच्चाई और स्कूल में अपने साथ हुए बर्ताव को बयां किया है।
अपमानजनक व्यवहार से टूट गई थी मासूम मधुश्री
स्थानीय पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, मृतका के पास से बरामद नोट में लिखा है, "एक टीचर ने मुझे स्कूल का होमवर्क पूरा न करने पर कड़ी सजा दी। उन्होंने मुझे ₹20 का जुर्माना भरने का भी सख्त आदेश दिया। इसके साथ ही, उन्होंने मुझे सबके सामने अपमानित किया और स्कूल से बाहर निकालने (सस्पेंड करने) की धमकी भी दी।" बताया जा रहा है कि स्कूल के इस अपमानजनक व्यवहार, मानसिक प्रताड़ना और उत्पीड़न से मासूम बच्ची अंदर से बुरी तरह टूट गई थी और इसी ग्लानी व डर के कारण उसने मौत को गले लगा लिया।
परिजनों ने लगाया प्रताड़ना का आरोप, पुलिस जांच में जुटी
इस दर्दनाक हादसे के बाद मधुश्री के परिवार में कोहराम मच गया है। रो-रोकर बेहाल परिजनों ने स्कूल के संबंधित शिक्षकों और प्रशासनिक स्टाफ पर अपनी बेटी को मानसिक रूप से गंभीर रूप से परेशान करने और आत्महत्या के लिए मजबूर करने का सीधा आरोप लगाया है। शोकाकुल परिवार ने प्रशासन से बेटी के हत्यारों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।