घर लौट रहा था डॉक्टर परिवार, रास्ते में हुआ ऐसा हादसा कि एक झटके में बुझ गए 4 जीवन
राजस्थान के बारां शहर से एक बेहद दर्दनाक और रूह कंपा देने वाला सड़क हादसा सामने आया है, जहां कवाई-अटरू मार्ग पर एक अनियंत्रित बल्कर और कार के बीच हुई आमने-सामने की जोरदार भिड़ंत में पूरा परिवार असमय काल के गाल में समा गया।
टक्कर इतनी भयावह थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार डॉक्टर, उनकी डॉक्टर पत्नी और दो मासूम बच्चे मलबे में बुरी तरह फंस गए। सूचना मिलते ही कवाई थाना पुलिस और स्थानीय ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे। भारी मशक्कत के बाद कार की बॉडी को काटकर चारों को बाहर निकाला गया और तुरंत अटरू उप जिला चिकित्सालय ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने परीक्षण के उपरांत चारों को मृत घोषित कर दिया।
कवाई-अटरू मार्ग पर चीख-पुकार, चकनाचूर हुई कार
कवाई थाना सीआई राजपाल सिंह के अनुसार, यह भयानक दुर्घटना कवाई-अटरू मार्ग पर घटित हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक दोनों वाहनों की रफ्तार काफी तेज थी, जिसके चलते आमने-सामने हुई भिड़ंत की आवाज दूर तक सुनाई दी। कार पूरी तरह दबकर लोहे के मलबे में तब्दील हो गई थी। घटना के तुरंत बाद घटनास्थल पर राहगीरों और आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने राहत और बचाव कार्य शुरू करते हुए काफी कोशिशों के बाद खून से लथपथ चारों सदस्यों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
परिचित के घर से लौटते वक्त उजड़ी खुशियां, मांडलगढ़ में तैनात था डॉक्टर दंपति
मृतकों की पहचान डॉ. सुरेश गजराज (38 वर्ष), उनकी धर्मपत्नी डॉ. शालिनी मार्य, मासूम बेटी निलिशा और बेटे स्वप्ननिल के रूप में की गई है। यह परिवार मूल रूप से झुंझुनूं जिले के सूरजगढ़ कस्बे का निवासी था और वर्तमान में जयपुर में रह रहा था। डॉ. सुरेश और उनकी पत्नी डॉ. शालिनी दोनों भीलवाड़ा जिले के मांडलगढ़ में सरकारी चिकित्सक के पद पर अपनी सेवाएं दे रहे थे। जानकारी के अनुसार डॉक्टर दंपति अपने बच्चों के साथ बारां जिले के छबड़ा कस्बे में किसी परिचित के यहां आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। वहां से जब वे अपनी कार से वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में कवाई-अटरू सड़क पर सामने से आ रहे तेज रफ्तार बल्कर ने उनकी कार को सीधे टक्कर मार दी, जिससे एक झटके में पूरा परिवार खत्म हो गया।
बल्कर जब्त, चालक फरार; मोर्चरी में रखवाए गए चारों शव
हादसे के तुरंत बाद आरोपी बल्कर चालक गाड़ी छोड़कर मौके से फरार होने में कामयाब रहा। कवाई थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दुर्घटनाग्रस्त बल्कर को जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश में नाकाबंदी कर टीमें रवाना कर दी हैं। सीआई राजपाल सिंह ने बताया कि चारों शवों को अटरू अस्पताल की मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया गया है और झुंझुनूं व जयपुर में मौजूद परिजनों को हादसे की सूचना दे दी गई है। परिजनों के अस्पताल पहुंचने के बाद शवों का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। दुर्घटना के बाद क्षतिग्रस्त वाहनों को क्रेन की मदद से सड़क से हटाकर यातायात को सुचारू कराया गया। एक ही झटके में हंसते-खेलते डॉक्टर परिवार के खत्म होने की खबर से चिकित्सा जगत और उनके पैतृक गांव में गहरा शोक छा गया है।