मंत्री मदन दिलावर के भाई की बंपर जीत, अब चेयरमैन की कुर्सी पर नजर!
राजस्थान नगर निकाय चुनाव 2026 के ताजा नतीजों के बीच बारां जिले की अटरू नगर पालिका से बड़ा सियासी उलटफेर सामने आया है। प्रदेश सरकार के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के छोटे भाई कृष्ण मुरारी दिलावर ने वार्ड नंबर 5 से शानदार चुनावी जीत दर्ज कर ली है।
BJP के टिकट पर मैदान में उतरे कृष्ण मुरारी की इस जीत ने स्थानीय सियासत में जबरदस्त हलचल पैदा कर दी है। राजनीतिक गलियारों में अब सबसे बड़ा सवाल यही तैर रहा है कि क्या वार्ड पार्षद की यह जीत उन्हें अटरू नगर पालिका के चेयरमैन की कुर्सी तक ले जाएगी।
मतगणना के साथ ही समर्थकों का जश्न, आतिशबाजी से गूंजा इलाका
जैसे ही मतगणना केंद्र से कृष्ण मुरारी दिलावर के विजयी होने की आधिकारिक सूचना बाहर आई, भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी उत्साह देखने को मिला। समर्थकों ने ढोल-नगाड़ों और आतिशबाजी के साथ जश्न मनाया। कैबिनेट मंत्री मदन दिलावर का गृह क्षेत्र और राजनीतिक प्रभाव होने की वजह से पूरे बारां जिले की निगाहें अटरू के वार्ड नंबर 5 के चुनावी घमासान पर टिकी हुई थीं।
चेयरमैन की कुर्सी की दावेदारी हुई मजबूत, पार्टी के भीतर मंथन तेज
वार्ड नंबर 5 पर कब्जा जमाने के साथ ही कृष्ण मुरारी दिलावर अटरू नगर पालिका अध्यक्ष (चेयरमैन) पद के सबसे प्रबल दावेदार बनकर उभरे हैं। चुनावी नतीजों के रुझान स्पष्ट होते ही भाजपा के स्थानीय संगठन और शीर्ष नेतृत्व के बीच बोर्ड गठन को लेकर बैठकों का दौर शुरू हो गया है। हालांकि अंतिम फैसला पार्टी आलाकमान और नवर्निवाचित पार्षदों के समर्थन पर निर्भर करेगा, लेकिन मंत्री के भाई होने और प्रभावशाली जीत दर्ज करने के कारण कृष्ण मुरारी का पलड़ा इस दौड़ में सबसे भारी नजर आ रहा है।
309 निकायों और 10,167 वार्डों का महाफैसला, 74.05% हुआ था मतदान
राजस्थान के 309 शहरी निकायों के 10,167 वार्डों के लिए 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से मतों की गिनती जारी है। इस महा-मुकाबले में कुल 38,889 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला जनता ने मतपेटियों और ईवीएम में बंद किया था। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा 9 और 11 सितंबर को दो चरणों में शांतिपूर्ण मतदान कराया गया था, जिसमें प्रदेशभर के शहरी मतदाताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हुए 74.05 प्रतिशत का बंपर वोटिंग रिकॉर्ड दर्ज कराया।
77 प्रत्याशी पहले ही निर्विरोध निर्वाचित, भाजपा को मिली थी शुरुआती बढ़त
मतगणना शुरू होने से पहले ही राज्य के 77 प्रत्याशी निर्विरोध चुन लिए गए थे। निर्विरोध विजेताओं में भारतीय जनता पार्टी के 44, कांग्रेस के 16 और 17 निर्दलीय उम्मीदवार शामिल रहे। अब मतगणना के साथ सामने आ रहे बाकी वार्डों के परिणाम शहरी राजनीति की नई दिशा तय कर रहे हैं। दिग्गज राजनेताओं के परिजनों और रसूखदारों के मैदान में होने के चलते यह चुनाव बेहद दिलचस्प बना हुआ है, जिसमें अटरू से कृष्ण मुरारी दिलावर की जीत सबसे हाई-प्रोफाइल परिणामों में गिनी जा रही है।