22 की उम्र में जबरदस्त कारनामा, शेफाली वर्मा ने बनाया ऐसा रिकॉर्ड जो सबको चौंका देगा

22 की उम्र में जबरदस्त कारनामा, शेफाली वर्मा ने बनाया ऐसा रिकॉर्ड जो सबको चौंका देगा

दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए एशिया कप महामुकाबले में भारतीय महिला टीम की आक्रामक सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है।

पाकिस्तान के खिलाफ खेले गए मुकाबले में मैदान पर उतरते ही इस युवा बल्लेबाज ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने 3,000 रन पूरे कर लिए हैं। खास बात यह है कि महज बाईस साल की उम्र में इस मुकाम को हासिल करने वाली वह दुनिया की सबसे कम उम्र की और सबसे तेज रन बनाने वाली महिला क्रिकेटर बन गई हैं। इस रिकॉर्डतोड़ पारी के साथ ही उन्होंने क्रिकेट जगत में एक बार फिर अपनी धाक जमा दी है और देश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है।

एलिसा हीली का बड़ा रिकॉर्ड हुआ ध्वस्त

मैच से पहले इस विस्फोटक ओपनर को इस ऐतिहासिक आंकड़े तक पहुंचने के लिए मात्र सात रनों की दरकार थी। भारतीय पारी की शुरुआत होते ही उन्होंने पहली ही गेंद पर छक्का जड़कर अपने इरादे साफ कर दिए और अगली गेंद पर सिंगल लेकर इस खास मुकाम को अपने नाम कर लिया। शेफाली ने महज 2,182 गेंदों का सामना करते हुए तीन हजार रनों का आंकड़ा छुआ है।

इसके साथ ही उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की दिग्गज खिलाड़ी एलिसा हीली के सबसे तेज रन बनाने के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इतना ही नहीं, कम उम्र के मामले में भी उन्होंने हीली को पीछे छोड़ते हुए नया वैश्विक कीर्तिमान स्थापित कर दिया है। भारतीय महिला क्रिकेट इतिहास में अब तक केवल कप्तान हरमनप्रीत कौर और स्टार बल्लेबाज स्मृति मंधाना ही इस जादुई आंकड़े तक पहुंच पाई थीं, और अब इस एलीट लिस्ट में शेफाली का नाम भी शामिल हो गया है।

भारत ने पाकिस्तान को रौंदा, गेंदबाजी और बल्लेबाजी में दिखाया दम

मैच की बात करें तो भारत और पाकिस्तान के बीच हुआ यह मुकाबला पूरी तरह से एकतरफा रहा। भारतीय गेंदबाजों ने अनुशासित गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए पूरी पाकिस्तानी टीम को मात्र 55 रनों के छोटे स्कोर पर समेट दिया। इसके बाद लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम ने महज 8.4 ओवरों में ही आसानी से टारगेट हासिल कर लिया और सात विकेट से शानदार जीत दर्ज की।

हालांकि शेफाली वर्मा बारह रन बनाकर आउट हो गईं, लेकिन कप्तान हरमनप्रीत कौर और ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने नाबाद पारियां खेलकर टीम को एक और आसान जीत दिला दी। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम टूर्नामेंट में पूरी तरह अपराजित बनी हुई है और उसका आत्मविश्वास सातवें आसमान पर है।