_2059106826.png)
Up Kiran, Digital Desk: एक ओर जहाँ पंजाब सरकार पंजाब के युवाओं को रोज़गार देने के दावे कर रही है, वहीं इन दावों की पोल तब खुल गई जब गैर-पंजाबी युवाओं को सरकारी नौकरी दे दी गई और पंजाबी युवाओं की उपेक्षा की गई। आपको बता दें कि पशुपालन विभाग में पंजाब सरकार द्वारा दी गई 5 नौकरियों में से 4 गैर-पंजाबी हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, निदेशालय पशुपालन विभाग पंजाब ने पंजाब में पशु चिकित्सा निरीक्षक के पदों पर भर्तियाँ निकाली हैं। विभाग ने इस संबंध में 5 पद निकाले थे, जिन्हें भर दिया गया है। लेकिन इस दौरान सरकार ने पंजाब के केवल एक युवा को नौकरी दी है, जबकि बाकी सभी युवा राज्य से बाहर के युवा हैं। जी हाँ, पंजाब सरकार ने पंजाब पशुपालन विभाग में उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान के युवाओं को नौकरी दी है। जबकि पंजाबी युवाओं की उपेक्षा की गई है।
आपको बता दें कि सिरसा निवासी मुनीश कुमार को पशुपालन विभाग में होशियारपुर में तैनात किया गया है। वहीं हिसार निवासी विजेंद्र कुमार को लुधियाना में तैनात किया गया है। राजस्थान निवासी विकास भादू को शहीद भगत सिंह नगर में तैनाती मिली है। इसके अलावा, उत्तर प्रदेश के फतेहपुर निवासी अभिषेक को जालंधर में तैनाती मिली है।
पशुपालन विभाग में, गाँव कल्लू, तहसील व जिला फाजिल्का निवासी विपिन कुमार को कपूरथला में तैनाती मिली है। सबसे आश्चर्यजनक बात यह है कि इस युवक का चयन पाँच में से एक सीट के लिए हुआ है। बाकी सीटों पर गैर-राज्य के युवाओं का चयन हुआ है।
--Advertisement--