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Up Kiran, Digital Desk: दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने 30 नवंबर (रविवार) और 3 दिसंबर (बुधवार) को मतदान और मतगणना के दौरान यात्रियों की सुविधाओं के लिए विशेष ट्रेन सेवा समय सारणी जारी की है। यह व्यवस्था दिल्ली नगर निगम (MCD) के उपचुनावों के चलते की गई है, ताकि मतदान कर्मी और मतदाता निर्बाध यात्रा कर सकें। जानिए पूरी जानकारी!

30 नवंबर को विशेष मेट्रो सेवाएं

30 नवंबर को मतदान के दिन दिल्ली मेट्रो ने ट्रेनें सुबह 4:00 बजे से शुरू करने का फैसला लिया है। शुरुआत में, सुबह 6:00 बजे तक हर 30 मिनट पर ट्रेनें चलेंगी, और उसके बाद रविवार के नियमित समय पर ट्रेनें चलेंगी। अंतिम ट्रेन रात 11:30 बजे रवाना होगी, जो सामान्य रात 11:00 बजे के समय से एक घंटे आगे होगी। यह बदलाव उपचुनावों के मद्देनज़र चुनाव कर्मियों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए किया गया है।

3 दिसंबर को मतगणना के दिन भी विशेष व्यवस्थाएं

मतगणना के दिन, 3 दिसंबर को भी ट्रेन सेवाएं सुबह 4:00 बजे से शुरू हो जाएंगी। यहां भी 6:00 बजे तक ट्रेनें हर 30 मिनट पर चलेंगी और फिर सामान्य कार्यदिवस के समय पर आ जाएंगी। DMRC ने इन बदलावों की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दी है ताकि मतगणना के दौरान कर्मचारी समय पर पहुंच सकें।

उपचुनाव की पृष्ठभूमि

दिल्ली में यह उपचुनाव 12 वार्डों में हो रहे हैं, जो पहले दिल्ली विधानसभा और लोकसभा चुनावों के कारण खाली हो गए थे। इनमें से 9 वार्ड भाजपा के पास और 3 वार्ड आम आदमी पार्टी के पास थे। कुल 132 उम्मीदवारों ने इन वार्डों में नामांकन किया था, और 28 नवंबर से 48 घंटे का चुनावी मौन काल लागू हो गया है।

मतदान में विशेष तैयारी

राज्य चुनाव आयोग ने मतदाता सूचियों में अपडेट किया है और दिव्यांग जनों के लिए ऐप लॉन्च किया है। उम्मीदवारों की पहचान के लिए इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (EVM) पर उनके फोटो लगाए जाएंगे। भाजपा, आप और कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों के नामों की घोषणा कर दी है, और इस चुनाव को लेकर मतदाता पूरी तरह तैयार हैं।

दिल्ली मेट्रो ने प्रदूषण नियंत्रण के लिए उठाया बड़ा कदम

82 एंटी-स्मॉग गन से दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण, DMRC ने बनायीं नई पहल

दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने प्रदूषण से निपटने के लिए एक नई पहल शुरू की है। डीएमआरसी ने अपने निर्माण स्थलों पर 82 एंटी-स्मॉग गन तैनात की हैं। यह कदम दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए उठाया गया है। अब दिल्ली मेट्रो इस मामले में क्षेत्रीय अग्रणी बन चुकी है।

प्रदूषण पर काबू पाने की दिशा में DMRC की पहल

डीएमआरसी ने हाल ही में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर यह जानकारी दी कि इन एंटी-स्मॉग गन्स को पहले से ही लागू कर दिया गया है, और अब सभी सिविल ठेकेदारों से इन गन्स के उपयोग की आवश्यकता होगी। यह कदम दिल्ली में प्रदूषण के बढ़ते स्तर को नियंत्रित करने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

एमसीडी द्वारा चालान जारी

हालांकि, इस हफ्ते दिल्ली नगर निगम (MCD) ने महरौली-बदरपुर रोड पर स्थित DMRC के निर्माण स्थलों पर प्रदूषण नियंत्रण के उल्लंघन के लिए 3.8 लाख रुपये के 28 चालान जारी किए हैं। MCD ने DMRC पर एनजीटी के निर्देशों का पालन न करने का आरोप लगाया, लेकिन DMRC ने इसका खंडन करते हुए कहा कि केवल एक छोटे हिस्से पर ही उसका नियंत्रण है और बाकी स्थानों पर सभी पर्यावरण मानकों का पालन किया जा रहा है।

प्रदूषण नियंत्रण के लिए आगामी दिशा-निर्देश

दिल्ली सरकार ने 11 सितंबर को आदेश जारी किया था कि 3,000 वर्ग मीटर से बड़े व्यावसायिक भवनों के लिए एंटी-स्मॉग गन का उपयोग अनिवार्य कर दिया गया है। यह व्यवस्था सर्दी और गर्मी के महीनों में लागू रहेगी, जबकि मानसून में इसे छोड़ दिया गया है। बढ़ते प्रदूषण और खराब हवा गुणवत्ता के बीच DMRC जैसे संस्थाओं को 29 नवंबर तक अपने नेटवर्क में एंटी-स्मॉग गन की तैनाती पूरी करनी होगी।