फुकेत-दिल्ली फ्लाइट मामला: पायलट ने किया था ड्रग्स का सेवन, रिपोर्ट सामने आते ही मचा हड़कंप
एशियाई आसमान में उड़ने वाली उड़ानों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। एयर इंडिया ने शुक्रवार को यह आधिकारिक जानकारी दी कि फुकेत से दिल्ली आ रही उसकी एक उड़ान के पायलट-इन-कमांड का मनो-सक्रिय पदार्थ (ड्रग्स) के लिए किया गया परीक्षण पॉजिटिव आया है।
कंपनी की सुरक्षा, फिटनेस और नियामक अनुपालन के प्रति शून्य-सहिष्णुता (Zero-Tolerance) नीति के तहत सख्त कदम उठाते हुए एयरलाइन ने संबंधित पायलट को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद से विमानन जगत में हड़कंप मच गया है और एयरलाइंस की सुरक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं।
क्या है 4 अगस्त की फुकेत-दिल्ली उड़ान का पूरा विवाद
यह गंभीर घटना बीते 4 अगस्त को उस वक्त घटी जब एयर इंडिया का एयरबस A320-251N विमान 137 यात्रियों और 8 चालक दल के सदस्यों यानी कुल 145 लोगों को लेकर फुकेत से दिल्ली के लिए रवाना हुआ था। उड़ान के दौरान विमान अचानक हवा में गंभीर झटकों (Turbulence) की चपेट में आ गया, जिससे विमान की ऊंचाई अचानक 300 फीट नीचे आ गई। इस भयानक झटके के कारण विमान में अफरा-तफरी मच गई और चार क्रू मेंबर सहित कुल 17 यात्री बुरी तरह घायल हो गए। स्थिति इतनी गंभीर थी कि विमान के एक केबिन क्रू मेंबर की रीढ़ की हड्डी और गर्दन में गहरी चोटें आईं, जिसके बाद दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरते ही कुल 24 लोगों को तत्काल मेडिकल सहायता मुहैया कराई गई।
ड्रग्स सेवन की पुष्टि पर नागरिक उड्डयन मंत्रालय और AAIB की कड़ी नजर
इस खौफनाक हादसे के बाद नागरिक उड्डयन मंत्रालय (MoCA) ने मामले का कड़ा संज्ञान लिया। एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) द्वारा जारी 10 पन्नों की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ कि पायलट-इन-कमांड की मेडिकल स्क्रीनिंग में मारिजुआना (Cannabis) जैसे मनो-सक्रिय पदार्थ का सेवन सकारात्मक पाया गया है। एएआईबी ने इस खुलासे को बेहद गंभीर चिंता का विषय बताया है और नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) से प्राथमिकता के आधार पर उचित और कड़े कदम उठाने की सिफारिश की है। जांच एजेंसी का कहना है कि ड्यूटी के दौरान इस तरह की लापरवाही उड़ान सुरक्षा के साथ सीधा खिलवाड़ है।