जोधपुर में BJP-कांग्रेस दोनों बराबर! 44-44 सीटों पर अटकी बाजी, मेयर की कुर्सी पर सस्पेंस
जोधपुर नगर निगम के 100 वार्डों के लिए हुए चुनाव के नतीजों ने राजस्थान की स्थानीय सियासत में जबरदस्त रोमांच पैदा कर दिया है। शहर के पॉलिटेक्निक कॉलेज में सोमवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 99 वार्डों की मतगणना पूरी कर ली गई।
घोषित नतीजों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस दोनों ही दल पूर्ण बहुमत के जादुई आंकड़े से दूर रह गए हैं। दोनों प्रमुख पार्टियों ने 44-44 वार्डों में जीत दर्ज कर बराबरी की स्थिति बना ली है। वहीं हनुमान बेनीवाल की राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) ने भी एक सीट जीतकर निगम में अपना खाता खोल दिया है। इस बराबरी के मुकाबले के बाद अब निगम की सत्ता और मेयर की कुर्सी की चाबी चुनाव जीतने वाले 10 निर्दलीय पार्षदों के हाथों में आ गई है। तकनीकी खराबी के चलते वार्ड संख्या 50 का परिणाम फिलहाल रोका गया है, जहां आयोग की अनुमति के बाद पुनर्मतदान कराया जाएगा।
डाक मतपत्रों से शुरू हुई गिनती, 71.95 फीसदी मतदाताओं ने तय किया जनादेश
पॉलिटेक्निक कॉलेज परिसर के 10 विशेष कमरों में प्रत्येक वार्ड के अनुसार अलग-अलग टेबल लगाकर पारदर्शी तरीके से मतों की गणना की गई। सबसे पहले पोस्टल बैलेट यानी डाक मतपत्रों की गिनती हुई, जिसके बाद ईवीएम के वोटों की गिनती शुरू की गई। जोधपुर नगर निगम के कुल 100 वार्डों में इस बार 385 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे थे, जिसमें भाजपा और कांग्रेस के 100-100 प्रत्याशी सीधे मुकाबले में थे, जबकि 185 निर्दलीय और अन्य दलों के प्रत्याशी मैदान में डटे थे। निगम क्षेत्र के कुल 7 लाख 12 हजार 164 पंजीकृत मतदाताओं में से 5 लाख 12 हजार 410 लोगों ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया था, जिससे शहर में कुल मतदान 71.95 प्रतिशत दर्ज किया गया था।
मेयर की रेस वाले तीन बड़े सूरमा चित, पूर्व मेयर और जिलाध्यक्ष को मिली करारी शिकस्त
इस चुनाव परिणाम ने शहर के कई बड़े और कद्दावर चेहरों को जमीन दिखा दी है। मेयर पद की सबसे प्रबल दावेदार मानी जा रहीं कांग्रेस की पूर्व मेयर कुंती देवड़ा को वार्ड संख्या 99 में भाजपा की निकिता गहलोत ने 259 वोटों से हरा दिया। वहीं वार्ड 42 में कांग्रेस के शहर जिलाध्यक्ष ओमकार वर्मा को भी बड़ा झटका लगा; उन्हें भाजपा सरकार में पूर्व राज्य मंत्री रहे मेघराज लोहिया ने 279 मतों से शिकस्त दी। दूसरी तरफ भाजपा खेमे के कद्दावर नेता और पूर्व डिप्टी मेयर देवेंद्र सालेचा को भी हार का सामना करना पड़ा। हालांकि मेयर पद के एक अन्य दावेदार और कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष नरेशचंद्र जोशी चुनाव जीतने में सफल रहे। इसके साथ ही वार्ड 28 में राष्ट्रीय स्तर के फुटबॉल खिलाड़ी और भाजपा प्रत्याशी विकास राघवानी ने शानदार जीत दर्ज की।
21 साल की जेन-जी यूपीएससी एस्पिरेंट सरस्वती बनीं सबसे युवा पार्षद
जोधपुर चुनाव में सबसे चर्चित परिणाम वार्ड संख्या 51 से सामने आया। यहां से कांग्रेस की 21 वर्षीय युवा प्रत्याशी सरस्वती प्रजापत ने धमाकेदार जीत दर्ज की। सरस्वती इस पूरे निगम चुनाव में सबसे कम उम्र की पार्षद चुनी गई हैं। 'जेन जी' पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करने वाली सरस्वती वर्तमान में संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रही हैं और उनकी इस जीत की चर्चा पूरे शहर के युवाओं में हो रही है।
अशोक गहलोत और गजेंद्र सिंह शेखावत के बूथों पर उलटफेर
मतदान और परिणामों का सबसे दिलचस्प पहलू दोनों प्रमुख राजनीतिक दिग्गजों के अपने वार्डों में देखने को मिला। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जिस वार्ड संख्या 88 में अपना वोट डाला था, वहां कांग्रेस को हार का मुंह देखना पड़ा और भाजपा के प्रत्याशी अशोक खींची ने जीत का परचम लहराया। इसके ठीक विपरीत केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत और पूर्व राज्यसभा सांसद राजेंद्र गहलोत के गृह वार्ड संख्या 56 में भाजपा को झटका लगा और वहां से कांग्रेस उम्मीदवार पुष्पा देवी विजयी रहीं।
रालोपा का खुला खाता, ये 10 निर्दलीय बने किंगमेकर
सांसद हनुमान बेनीवाल की राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी ने जोधपुर निगम में धमाकेदार एंट्री की है। वार्ड संख्या 66 से आरएलपी प्रत्याशी मोहम्मद इरफान उर्फ राजू भाटी ने कांग्रेस के कद्दावर नेता शेर मोहम्मद को 1672 वोटों के भारी अंतर से पराजित किया। इसके अलावा शहर के 10 वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों ने जीत का परचम लहराकर दोनों दलों के समीकरण बिगाड़ दिए हैं। निर्दलीय विजेताओं में वार्ड 19 से दिनेश शर्मा, वार्ड 20 से चेतन गहलोत, वार्ड 27 से कासम खान, वार्ड 29 से अफसाना बानो, वार्ड 47 से मोहन चौधरी, वार्ड 48 से दुर्गा मेवाड़ा, वार्ड 69 से लियाकत अली रंगरेज, वार्ड 76 से निर्मला नायक, वार्ड 81 से स्वरूप सिंह और अन्य वार्ड से विशाल सांखला शामिल हैं। अब दोनों ही दल बोर्ड बनाने के लिए इन निर्दलीयों को साधने में पूरी ताकत झोंक रहे हैं।
ईवीएम में खराबी से रुका वार्ड 50 का नतीजा, 16 सितंबर को रिपोलिंग संभव
मतगणना के दौरान वार्ड संख्या 50 के मतदान केंद्र संख्या 338 की इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में अचानक तकनीकी खराबी आ गई। मौके पर तकनीकी इंजीनियरों को बुलाकर मशीन ठीक कराने का प्रयास किया गया, लेकिन डेटा रीड नहीं हो सका। इसके बाद रिटर्निंग अधिकारी और सहायक रिटर्निंग अधिकारी ने प्रत्याशियों और चुनाव एजेंटों को स्थिति से अवगत कराया। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर ने मामले की पूरी रिपोर्ट तैयार कर राज्य निर्वाचन आयोग को भेज दी है। आयोग की औपचारिक मंजूरी मिलते ही आगामी 16 सितंबर को बूथ संख्या 338 पर दोबारा मतदान (रिपोलिंग) कराया जाना संभावित है, जिसके बाद ही इस वार्ड का अंतिम परिणाम जारी होगा।