बांसवाड़ा में काल बनकर कमरे में घुसा सांप: घर में बैठी 7 साल की मासूम को डसा, अस्पताल पहुंचने से पहले ही थम गईं सांसें
राजस्थान के बांसवाड़ा जिले से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। यहां अपने ही घर के सुरक्षित माहौल में बैठी एक 7 वर्षीय मासूम बच्ची के लिए एक जहरीला सांप काल बनकर आया। सांप के काटने से मासूम की तबीयत बिगड़ गई और जब तक उसे अस्पताल पहुंचाया जाता, तब तक उसने दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
खेल-खेल में मासूम पर टूटा दुखों का पहाड़
मिली जानकारी के अनुसार, यह दर्दनाक हादसा बांसवाड़ा के ग्रामीण इलाके में घटित हुआ। 7 साल की मासूम बच्ची रोज की तरह अपने घर के कमरे के अंदर बैठी हुई थी। वह अपनी ही धुन में मस्त थी कि तभी अचानक कहीं से एक बेहद जहरीला सांप रेंगता हुआ कमरे के भीतर दाखिल हो गया। बच्ची जब तक कुछ समझ पाती या वहां से भागती, सांप ने उसे बुरी तरह डस लिया। बच्ची की चीख सुनकर परिवार के लोग तुरंत कमरे की तरफ दौड़े, जहां बच्ची दर्द से तड़प रही थी और पास ही सांप मौजूद था।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही तोड़ा दम
परिजन बिना एक पल गंवाए बच्ची को आनन-फानन में नजदीकी अस्पताल लेकर भागे। सांप का जहर बच्ची के शरीर में इतनी तेजी से फैला कि अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी हालत बेहद नाजुक हो गई। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों का कहना है कि सांप बेहद जहरीला था, जिसके कारण जहर सीधे ब्लड स्ट्रीम में फैल गया और मासूम को संभलने का मौका ही नहीं मिला। अस्पताल परिसर में बच्ची के शव को देखते ही माता-पिता चीख पड़े, जिससे वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
बारिश के मौसम में बढ़ जाता है सर्पदंश का खतरा
स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने इस घटना पर गहरा दुख जताते हुए ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है। विशेषज्ञों के मुताबिक, मानसून और ग्रामीण इलाकों में जमीन में नमी बढ़ने के कारण सांप अपने बिलों से बाहर निकलकर सुरक्षित और सूखी जगहों की तलाश में घरों का रुख करते हैं। ऐसे में कच्चे मकानों, अंधेरे कोनों और जमीन पर सोने या बैठने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। घर के आसपास साफ-सफाई रखना और झाड़ियों को काटना इस तरह के हादसों से बचने के लिए बेहद जरूरी है।