"वो ओवर और सब खत्म..." हार के बाद फूट पड़ा कप्तान श्रेयस अय्यर का दर्द!
मैनचेस्टर के ऐतिहासिक ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर खेले गए दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को बेहद रोमांचक अंदाज में 4 विकेट से शिकस्त दे दी। श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली युवा भारतीय टीम ने मैच के एक बड़े हिस्से पर अपनी मजबूत पकड़ बना रखी थी, लेकिन अंतिम ओवरों में इंग्लैंड के पासा पलट देने वाले प्रदर्शन ने टीम इंडिया की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। इस जीत के साथ ही मेजबान इंग्लैंड ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 1-0 की बढ़त हासिल कर ली है।
पावरप्ले में भारतीय गेंदबाजों का कहर, साल्ट और बटलर शून्य पर ढेर
टारगेट का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। भारतीय गेंदबाजों ने पावरप्ले में ही इंग्लिश खेमे में खलबली मचा दी और महज कुछ रनों के भीतर 3 बड़े विकेट चटका दिए। सलामी बल्लेबाज फिल साल्ट और स्टार खिलाड़ी जोस बटलर खाता खोले बिना ही पवेलियन लौट गए। इसके बाद कप्तान हैरी ब्रूक ने महज 15 गेंदों में 39 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेलकर जवाबी हमला करने की कोशिश की, लेकिन पावरप्ले खत्म होने से ठीक पहले अक्षर पटेल ने उन्हें आउट कर भारत को मैच में बनाए रखा। मिडिल ओवरों में भी भारतीय गेंदबाजों ने रन गति पर पूरी तरह अंकुश लगाए रखा।
17वां ओवर बना मैच का टर्निंग पॉइंट, बेथेल ने बिश्नोई को रिमांड पर लिया
मैच का सबसे बड़ा और निर्णायक मोड़ 17वें ओवर में आया, जब इंग्लैंड के युवा बल्लेबाज जैकब बेथेल ने लेग स्पिनर रवि बिश्नोई को निशाने पर ले लिया। बेथेल ने बिश्नोई के इस ओवर में तीन गगनचुंबी छक्के जड़े। इस ओवर में बिश्नोई ने अपनी लय खो दी और दो नो-बॉल भी फेंक डालीं। इस एक ओवर में इंग्लैंड ने पूरे 29 रन बटोरे, जिसने मैच का रुख पूरी तरह भारत के हाथ से छीनकर इंग्लैंड की झोली में डाल दिया। यह ओवर टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट इतिहास में रनों के लिहाज से भारत के सबसे खराब ओवरों में से एक साबित हुआ।
हार के बाद कप्तान श्रेयस अय्यर का दर्द, बिश्नोई को दी ये नसीहत
करारी हार के बाद भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने पोस्ट-मैच प्रेजेंटेशन में खुलकर बात की। श्रेयस ने कहा, "मुझे लगता है कि हम सभी अच्छी तरह जानते हैं कि मैच हमारे हाथ से कहाँ निकल गया, लेकिन मैं यहाँ किसी एक खिलाड़ी पर उंगली नहीं उठाना चाहता। 15वें ओवर तक हम जिस तरह का शानदार खेल दिखा रहे थे, वह वाकई बेहतरीन था। लेकिन इसके बाद अचानक मैच का पासा पलट गया और वे जीत की तरफ बढ़ गए। मुझे उम्मीद थी कि बिश्नोई जोरदार वापसी करेगा, लेकिन 17वें ओवर में लगातार दो नो-बॉल ने हमारी मुश्किलें बहुत बढ़ा दीं। निश्चित रूप से, उसे इस प्रदर्शन और अपनी गलतियों से बहुत कुछ सीखना होगा।"