आकाश आनंद संभालेंगे यूपी चुनाव की कमान: सादाबाद से करेंगे शंखनाद, बसपा का मास्टरप्लान तैयार
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के सियासी रण में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने अपनी पूरी ताकत झोंकनी शुरू कर दी है। पार्टी को धार देने और युवाओं को जोड़ने के लिए बसपा सुप्रीमो मायावती ने आगामी चुनाव की कमान अपने भतीजे और पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद के हाथों में सौंप दी है।
आकाश आनंद जल्द ही अपने आक्रामक चुनावी अभियान का आगाज करने जा रहे हैं, जिसकी शुरुआत हाथरस की सादाबाद विधानसभा सीट से होगी। इस रणनीतिक कदम से राज्य की राजनीति में सुगबुगाहट तेज हो गई है।
हाथरस से होगा चुनावी शंखनाद और प्रत्याशी का ऐलान
राजनीतिक गलियारों से आ रही खबरों के मुताबिक, बहुजन समाज पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद आगामी 10 अगस्त को हाथरस की सादाबाद विधानसभा सीट पर एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। इस हाई-प्रोफाइल रैली के लिए स्थानीय स्तर पर तैयारियां जोरों पर चल रही हैं।
इस चुनावी सभा का मुख्य आकर्षण यह होगा कि आकाश आनंद इसी मंच से सादाबाद सीट पर पार्टी के आधिकारिक उम्मीदवार अविन शर्मा के नाम का औपचारिक ऐलान करेंगे। इस जनसभा के बाद बसपा उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों में भी उनके ताबड़तोड़ कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार कर रही है।
मायावती की सीधी निगरानी और मंडल स्तर पर रणनीति
उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर बसपा ने अपनी युद्धनीति को जमीन पर उतारना शुरू कर दिया है। बसपा सुप्रीमो मायावती खुद इस पूरी प्रक्रिया पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।
इसी रणनीति के तहत पार्टी ने मंडल स्तर पर लगातार बैठकें करने और बूथ स्तर पर पार्टी के कैडर व कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने पर विशेष जोर दिया है। हाथरस के बाद जेवर विधानसभा क्षेत्र में भी आकाश आनंद का बड़ा कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसके साथ ही बसपा अपनी रणनीति के तहत चरणबद्ध तरीके से उम्मीदवारों के नामों का ऐलान करती जाएगी ताकि चुनावी माहौल लगातार गर्माया रहे।
दस सीटों पर प्रत्याशियों के नाम तय, जनसभाओं से होगा ऐलान
विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, बहुजन समाज पार्टी यूपी विधानसभा चुनाव के लिए करीब दस सीटों पर अपने प्रत्याशियों के नाम तय कर चुकी है, जिनमें से आठ सीटों पर उम्मीदवारों के नामों की आधिकारिक घोषणा पहले ही की जा चुकी है।
बसपा अब तक सहारनपुर, पुरकाजी, सुल्तानपुर, कानपुर देहात, मऊ, घोसी और हापुड़ जैसी महत्वपूर्ण सीटों पर अपने महारथियों के नाम घोषित कर चुकी है। पार्टी का मुख्य प्लान यह है कि उम्मीदवारों के नामों का ऐलान सिर्फ दफ्तरों से करने के बजाय दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में भव्य जनसभाओं का आयोजन करके किया जाए, जिससे जनता के बीच सीधा संदेश जाए।
युवा वोटर्स पर बसपा की खास नजर और कार्यकर्ताओं में जोश
आकाश आनंद को चुनावी मैदान के सबसे आगे लाने की सबसे बड़ी वजह यह है कि इससे पार्टी के स्थानीय पदाधिकारियों और जमीनी कार्यकर्ताओं की सक्रियता में जबरदस्त बढ़ोतरी होगी। आज की युवा पीढ़ी आकाश आनंद से खुद को सीधा जुड़ा हुआ महसूस करती है। ऐसे में बसपा की पैनी नजर राज्य के निर्णायक युवा वोटरों पर टिकी हुई है। इस सियासी दांव से पार्टी को कितना फायदा मिलता है, यह तो आने वाला वक्त बताएगा, लेकिन इतना तय है कि यूपी का चुनावी पारा अब पूरी तरह से चढ़ने लगा है।