राम मंदिर प्रबंधन में बहुत बड़ा फेरबदल: CA नरपत डुकिया बने नए बॉस, इन दिग्गजों के हाथों में आई कमान

राम मंदिर प्रबंधन में बहुत बड़ा फेरबदल: CA नरपत डुकिया बने नए बॉस, इन दिग्गजों के हाथों में आई कमान

अयोध्या के भव्य श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में हाल ही में सामने आए चढ़ावा चोरी प्रकरण ने सभी को चौंका दिया था। इस घटना के बाद अब श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गया है।

मंदिर की व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और चाक-चौबंद बनाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर कई कड़े और अहम फैसले लिए गए हैं। राम भक्तों और अयोध्या की लोकल अपडेट्स जानने वालों के लिए यह एक बड़ी खबर है कि ट्रस्ट ने मंदिर प्रबंधन की कमान अब नए और जिम्मेदार हाथों में सौंप दी है।

SIT के रडार पर गर्भगृह का अति-सुरक्षित लॉकर

चोरी मामले की तह तक जाने के लिए विशेष जांच दल (SIT) ने अपनी तफ्तीश तेज कर दी है। बैंक लॉकरों की सघन चेकिंग के बाद SIT की टीम ने सीधे रामलला के गर्भगृह के करीब स्थित उस विशेष लॉकर का सत्यापन किया, जहां देश-दुनिया से भक्तों द्वारा श्रद्धापूर्वक दान किए गए सोने-चांदी और अन्य कीमती आभूषण सुरक्षित रखे जाते हैं। जांच टीम ने दान में मिले एक-एक आभूषण और जारी की गई रसीदों का बारीकी से मिलान किया है ताकि पाई-पाई का हिसाब एकदम स्पष्ट रहे।

त्रिस्तरीय सुरक्षा: अब तीन चाबियों से ही खुलेगा खजाना

रामलला के खजाने की सुरक्षा को अब अभेद्य बना दिया गया है। इस खास लॉकर के लिए एक नई त्रिस्तरीय सुरक्षा प्रणाली (Three-Tier Security) लागू की गई है। इस लॉकर की तीन अलग-अलग चाबियां होंगी। एक चाबी नवनियुक्त इकाई प्रमुख नरपत डुकिया के पास रहेगी, जबकि बाकी दो चाबियां शैलेंद्र शुक्ल और विंदेश्वरी सिंह के सुपुर्द की गई हैं। बिना इन तीनों अधिकारियों के आपसी समन्वय के यह लॉकर किसी भी स्थिति में नहीं खोला जा सकेगा।

प्रबंधन में बड़ा फेरबदल: CA नरपत डुकिया बने नए बॉस

मंदिर के सुचारू संचालन और व्यवस्थाओं को आधुनिक बनाने के लिए सीए (CA) नरपत डुकिया को मंदिर संचालन और प्रबंधन (इकाई प्रमुख) नियुक्त किया गया है। ट्रस्ट के अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, डुकिया अब विभिन्न विभागों के बीच समन्वय और ट्रस्ट के फैसलों को जमीन पर लागू करने की अहम जिम्मेदारी संभालेंगे। इस कार्य में आचार्य इंद्रदेव मिश्र दिसंबर 2026 तक उनके सहयोगी के रूप में कार्य करेंगे।

जगदीश आफले को मिला सचिव का प्रभार

प्रशासनिक सर्जरी के तहत एक और बड़ा बदलाव किया गया है। राम मंदिर के खातों और निर्माण से जुड़ी तकनीकी चीजों की देखरेख कर रहे ट्रस्ट के इंजीनियर जगदीश आफले को अब सचिव पद का महत्वपूर्ण कार्यभार सौंप दिया गया है। आधिकारिक पत्राचार में उन्हें सचिव के रूप में ही संबोधित किया जा रहा है। आगामी 2 सितंबर को होने वाली ट्रस्ट की बैठक में इस नियुक्ति पर औपचारिक मुहर लगने की पूरी संभावना है।