यूपी पंचायत चुनाव की तारीखों पर सबसे बड़ा अपडेट! हाईकोर्ट के अल्टीमेटम के बीच राजभर ने बताई देरी की असल वजह

यूपी पंचायत चुनाव की तारीखों पर सबसे बड़ा अपडेट! हाईकोर्ट के अल्टीमेटम के बीच राजभर ने बताई देरी की असल वजह

उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव की तारीखों का बेसब्री से इंतजार कर रहे मौजूदा ग्राम प्रधानों और भावी उम्मीदवारों के लिए एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट की तरफ से 3 महीने के भीतर चुनाव कराने के सख्त निर्देश के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। इसी बीच योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री और सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने पंचायत चुनाव को लेकर बड़ा अपडेट दिया है। 

राजभर ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश सरकार जल्द से जल्द चुनाव संपन्न कराना चाहती है लेकिन मौजूदा समय में पिछड़ा वर्ग आयोग (OBC Commission) की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। जैसे ही यह रिपोर्ट सरकार को सौंपी जाएगी, चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया जाएगा। दरअसल, यूपी पंचायत चुनाव में पिछड़े वर्गों का आरक्षण तय करना सबसे अहम प्रक्रिया है। आयोग इस वक्त संबंधित वर्गों की स्थिति और प्रतिनिधित्व का गहराई से अध्ययन कर रहा है। इसी रिपोर्ट के आधार पर सीटों का आरक्षण तय होगा और चुनाव की आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। 

यही कारण है कि चुनाव आयोग और सरकार दोनों की नजरें इस रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं। चुनाव की तैयारियों को लेकर पंचायती राज विभाग पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है। ओमप्रकाश राजभर खुद यह दावा कर चुके हैं कि सरकार की तरफ से चुनाव कराने की पूरी तैयारी हो चुकी है। गांव-गांव की मतदाता सूची (Voter List) पूरी तरह से अपडेट कर ली गई है और मतपत्रों (Ballot Papers) को भी सभी जिलों में पहुंचा दिया गया है। 

बस आरक्षण की फाइनल लिस्ट और कुछ जरूरी सरकारी औपचारिकताओं के पूरा होने की देरी है। फिलहाल, अभी तक राज्य निर्वाचन आयोग ने पंचायत चुनाव की फाइनल डेट्स को लेकर कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की है। ऐसे में चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों और मौजूदा ग्राम प्रधानों को अपनी तैयारियां तेज कर देनी चाहिए क्योंकि पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट आते ही किसी भी वक्त आचार संहिता और चुनाव की तारीखों की घोषणा हो सकती है।