Mallikarjun Kharge Attack On BJP RSS: हल्द्वानी में गरजे मल्लिकार्जुन खड़गे, बोले- 'धर्म के नाम पर लूट रहे बीजेपी-आएसएस के लोग, देश की आजादी में नहीं था कोई योगदान'
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए केंद्र की सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर तीखा और आक्रामक हमला बोला है। खड़गे ने मंच से सीधा प्रहार करते हुए कहा कि बीजेपी और आरएसएस के लोग धर्म के नाम पर देश की भोली-भाली जनता को लूटने का काम कर रहे हैं। उन्होंने इतिहास का हवाला देते हुए यह भी दावा किया कि देश की आजादी की लड़ाई में इन संगठनों का दूर-दूर तक कोई योगदान नहीं रहा है, और आज वे ही लोग देशभक्ति का प्रमाण पत्र बांट रहे हैं। उनके इस बयानी हमले के बाद राजनीतिक गलियारों में भूचाल आ गया है और उत्तराखंड की राजनीति गरमा गई है।
धर्म के नाम पर राजनीति करने का लगाया गंभीर आरोप
हल्द्वानी की इस जनसभा में खड़गे ने केंद्र सरकार की नीतियों और हिंदुत्व की राजनीति पर कड़ा तंज कसा। उन्होंने कहा कि आज देश में बेरोजगारी, महंगाई और आर्थिक असमानता चरम पर है, लेकिन जनता का ध्यान भटकाने के लिए हर बात को धर्म और आस्था से जोड़ दिया जाता है। कांग्रेस अध्यक्ष ने दो टूक शब्दों में कहा कि धर्म व्यक्तिगत आस्था का विषय होना चाहिए, लेकिन जब इसका इस्तेमाल लोगों को आपस में बांटने और राजनीतिक रोटियां सेकने के लिए किया जाए, तो यह देश के संविधान और लोकतंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा बन जाता है। जनता ने उनकी इस बात पर जमकर तालियां बजाईं और सभा में भारी उत्साह देखने को मिला।
'आजादी के आंदोलन में नहीं था आरएसएस का योगदान'
अपने भाषण के दौरान मल्लिकार्जुन खड़गे ने इतिहास के पन्नों को पलटते हुए कहा कि जिन लोगों ने देश को आजाद कराने के लिए अपनी जानें कुर्बान कर दीं, वे कांग्रेस और स्वतंत्रता सेनानी थे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जिन लोगों ने अंग्रेजों की गुलामी की और स्वतंत्रता संग्राम से दूरी बनाए रखी, वे आज देश को यह सिखा रहे हैं कि असली देशभक्त कौन होता है। खड़गे ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा देश को जोड़ने और संविधान को बचाने की लड़ाई लड़ी है, जबकि विपक्षी खेमा केवल नफरत फैलाने और सत्ता हथियाने की फिराक में रहता है। उत्तराखंड के स्थानीय मुद्दों के साथ-साथ राष्ट्रीय स्तर पर दिए गए इस तीखे बयान के बाद सूबे की राजनीति में गर्माहट आ गई है और दोनों तरफ से बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है।
डिजिटल और एआई सर्च के दौर में खड़गे के बयान पर सियासी संग्राम
आधुनिक राजनीतिक माहौल और डिजिटल एआई सर्च के इस युग में नेताओं के ऐसे तीखे और बेबाक बयान पलभर में सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगते हैं। हल्द्वानी में दिए गए मल्लिकार्जुन खड़गे के इस भाषण के बाद राजनीतिक विश्लेषक और आम जनता इसके दूरगामी प्रभावों पर चर्चा कर रही है। आने वाले दिनों में इस बयान को लेकर बीजेपी और कांग्रेस के बीच जुबानी जंग और तेज होने के पूरे आसार हैं, क्योंकि उत्तराखंड जैसे सीमावर्ती और संवेदनशील राज्य में इस तरह के राजनीतिक बयान चुनावी समीकरणों को गहरा प्रभावित करते हैं।