स्वीमिंग पूल में ट्रेनर करते रहे मस्ती, पानी में डूब गया छात्र

img

www.upkiran.org

यूपी किरण ब्यूरो

इंदौर।। स्कूल में दूसरी कक्षा के छात्र 7 वर्षीय अंशुल की स्कूल के स्वीमिंग पुल में डूबने से मौत हो गई। मां ने कभी बेटे को गोद में लेकर दुलारा, कभी बातें करने को कहती रही।

घटना पांडा रोड पर स्थित लॉ सजेसेस एकेडमी स्कूल परिसर के स्वीमिंगपुल में हुई। स्कूल की कक्षा दूसरी में पढ़ने वाला छात्र अंशुल पिता अश्विन नामदेव (7) निवासी दुर्गा कालोनी राऊ एजुकेशन सेशन खत्म होने के बाद स्पोर्ट्स एक्टिविटी में भाग लेने के लिए पहुंचा था। यहां पुल के ट्रेनर नदीम खान और विशाल वाघमारे मौजूद थे।

इन्होंने सभी बच्चों को पुल के साढ़े चार फीट गहरे हिस्से में उतारा और तैराकी प्रशिक्षण देने लगे। कुछ देर बच्चों पर ध्यान देने के बाद वे पूल के साइड में बैठ गए। थोड़ी देर बाद बच्चों को उन्होंने बाहर निकलने के निर्देश दिए। जब उनकी काउंटिंग की तो छात्र अंशुल नहीं दिखा। इस पर पुल चेक किया तो वह पानी में डूबा था।

उसे तत्काल निकालकर वे पिगडम्बर में मेवाड़ा हॉस्पिटल लेकर पहुंचे, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। स्कूल के स्पोर्ट्स कोच दिनेश स्वामी, ड्राइवर पवन और कीरण लश्कर भी मौके पर पहुंचे और परिजन को तबीयत बिगड़ने की सूचना देकर उसे चोइथराम अस्पताल ले आए।

अंशुल के पिता अश्विन नामदेव पिरामल हेल्थ केयर कंपनी में आपरेटर के पद पर हैं। वहीं मां बरखा उर्फ पिंकी गृहणी हैं। अंशुल से बड़ी दो बहनें लक्की और कुमकुम हैं। परिजन ने बताया दो बहनों में वह इकलौता भाई था और काफी मिन्नतों के बाद उसका जन्म हुआ था।

शुक्रवार सुबह मां ने उसे तैयार कर स्कूल भेजा था। दोपहर ढाई बजे स्कूल प्रबंधन ने उन्हें फोन कर बताया वह उल्टियां कर रहा है चोइथराम अस्पताल आ जाएं। जैसे ही मां और पिता अस्पताल पहुंचे तो बेटे का शव देख पिता खडे़ के खड़े रह गए और आंखों के आंसू सूख गए।

मां यह मानने को तैयार ही नहीं थी कि उसके कलेजे का टुकड़ा अब इस दुनिया में नहीं है। वह बार-बार उसे थपकी देकर उठाती रही। कभी उसका हाथ सहलाती तो कभी हाथ जोड़कर लोगों डॉक्टरों से उसे ठीक करने की गुहार लगाती। जब वह नहीं उठा तो उससे बात करने लगी। वह बार-बार उसे उठ जाने का कहती रही।

पथराई आंखों में जैसे उम्मीद हो की उसका बेटा अभी उठ जाएगा। बाद में वह अंशुल को गोद में कर उसके हाथ सहलाने लगी। बार-बार उसे उठाने की मिन्नतें करने लगी। ये दृश्य देख अस्पताल परिसर में खड़े लोगों की भी आंख डबडबा गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा।

फोटोः फाइल

इसे भी पढ़ें

 

http://upkiran.org/4025

Related News