भारत का बजट 1 फरवरी को पेश किया जाएगा। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण इसे पेश करेंगी। इस बात को लेकर बड़ी उत्सुकता है कि इस बजट में किसे राहत मिलेगी। इस बजट में वरिष्ठ नागरिकों के लिए इनकम टैक्स में छूट और GST में छूट की मांग की गई है। इस बात की प्रबल संभावना है कि इस मांग पर इस बजट में विचार किया जाएगा।
आम लोगों की निगाहें इस बजट पर हैं। क्योंकि नजर इस बात पर है कि टैक्स में कितनी छूट मिलेगी। बीते दो बजट में आम आदमी को टैक्स को लेकर कोई राहत नहीं मिली। 5 लाख तक की आय पर टैक्स छूट की मांग की है। हालांकि, सरकार ने इसे नजरअंदाज किया है। बहुत से लोगों को आशा है कि इस संकल्प में इस पर विचार किया जाएगा। यह भी उत्सुक है कि क्या वरिष्ठ नागरिकों के लिए राहत होगी।
बजट से पहले, कुछ गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) ने देश की बढ़ती उम्र की आबादी में सुधार के लिए कदम उठाने का सुझाव दिया है। इनमें वृद्धावस्था पेंशन, अतिरिक्त आयकर राहत और बुजुर्गों द्वारा अक्सर इस्तेमाल किए जाने वाले उत्पादों पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) से छूट देने के उपाय शामिल हैं।
सीनियर सिटीजन को जीएसटी से छूट मिलनी चाहिए, ताकि उन्हें राहत मिल सके। वरिष्ठ नागरिकों द्वारा अक्सर उपयोग की जाने वाली सेवाओं और उत्पादों को जीएसटी से छूट दी जानी चाहिए। ऑडिट डायपर, दवाएं, हेल्थकेयर उपकरण जैसे व्हीलचेयर और वॉकर, 70 साल से ऊपर के बुजुर्ग मरीजों के लिए अस्पताल में भर्ती, मेडिक्लेम पॉलिसी और चिकित्सा परामर्श शुल्क में भी छूट मिलने की उम्मीद है।




