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Up kiran,Digital Desk : विदेशों में अवैध रूप से रहने वाले भारतीयों के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्ती तेज हो गई है। पिछले साल अमेरिका द्वारा करीब 3800 भारतीयों को जबरन निर्वासित (Deport) करने के बाद अब ऑस्ट्रेलिया ने भी इसी दिशा में बड़ा कदम उठाया है। बुधवार (29 अप्रैल) को ऑस्ट्रेलिया से डिपोर्ट किए गए 15 भारतीय नागरिक नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचेंगे। इनमें 11 लोग अकेले पंजाब के रहने वाले हैं।

सीएम भगवंत मान करेंगे रिसीव

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने चंडीगढ़ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इस बात की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि ऑस्ट्रेलिया से वापस भेजे जा रहे इन नागरिकों में पंजाब के 11, तेलंगाना के दो और हरियाणा व उत्तराखंड के एक-एक व्यक्ति शामिल हैं। इन 15 लोगों के समूह में एक महिला भी है। मुख्यमंत्री आज रात खुद दिल्ली एयरपोर्ट जाकर पंजाब के इन युवाओं को रिसीव करेंगे। इन सभी पर ऑस्ट्रेलिया में अवैध रूप से रहने या वीजा नियमों के गंभीर उल्लंघन के आरोप हैं।

सांसदों के पाला बदलने पर राष्ट्रपति से मिलेंगे मान

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री मान ने आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसदों के पाला बदलकर भाजपा में शामिल होने पर भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह जनता के जनादेश और भरोसे के साथ विश्वासघात है। मान ने घोषणा की कि वे इस संवैधानिक मुद्दे को लेकर 5 मई को राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी के भरोसे उच्च सदन पहुंचे सदस्यों का दल बदलना एक गंभीर विषय है और सरकार सभी कानूनी विकल्पों पर विचार कर रही है।

पटियाला रेलवे धमाके में अमृतपाल कनेक्शन की जांच

मुख्यमंत्री ने पटियाला में रेलवे लाइन पर हुए हालिया धमाके को लेकर भी अपडेट साझा किया। उन्होंने बताया कि पंजाब पुलिस केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर इस मामले की तह तक जा रही है। जांच के दौरान कुछ आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है और शुरुआती पूछताछ में अमृतपाल सिंह से जुड़े कुछ संदिग्ध नाम सामने आए हैं। मान ने चेतावनी दी कि कानून से ऊपर कोई नहीं है, चाहे उसे किसी का भी सामाजिक या राजनीतिक संरक्षण प्राप्त हो, दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

अमेरिका ने भी दिखाई थी सख्ती

गौरतलब है कि साल 2025 में अमेरिका ने भी गलत कागजात और वीजा उल्लंघन के कारण रिकॉर्ड संख्या में भारतीयों को डिपोर्ट किया था। तब भी डिपोर्ट किए गए लोगों में सबसे बड़ी संख्या पंजाब, हरियाणा और गुजरात के युवाओं की थी। ऑस्ट्रेलिया की ताजा कार्रवाई यह संकेत देती है कि आने वाले समय में अवैध प्रवासियों के लिए विदेशी धरती पर मुश्किलें और बढ़ने वाली हैं।