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Up kiran,Digital Desk : स्विट्जरलैंड के दावोस में चल रहे वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम 2026 के दौरान एक बार फिर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सेहत चर्चा में आ गई है। राजनीतिक और कारोबारी बैठकों से इतर, यहां सामने आई कुछ तस्वीरों ने लोगों का ध्यान खींचा है। एक ओर फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की आंखों में सूजन और खून के धब्बों की तस्वीरें दिखीं, वहीं दूसरी ओर राष्ट्रपति ट्रंप के हाथों पर गहरे नीले और बैंगनी रंग के स्पॉट नजर आए, जिन पर अब सवाल उठ रहे हैं।

हाथों पर दिखे नीले निशान, ट्रंप ने क्या कहा?
जब ट्रंप के हाथों पर दिख रहे इन निशानों को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने इसे सामान्य चोट बताया। ट्रंप के मुताबिक उनका हाथ टेबल से टकरा गया था, जिसकी वजह से यह निशान पड़े। साथ ही उन्होंने यह भी दोहराया कि वह लंबे समय से एस्पिरिन की हाई डोज लेते आ रहे हैं।

व्हाइट हाउस की सफाई और मीडिया की पड़ताल
व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी कैरोलिन लेविट ने बयान जारी कर कहा कि साइनिंग टेबल के कोने से हाथ टकराने के कारण ये निशान बने हैं। हालांकि स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि उपलब्ध वीडियो फुटेज में ऐसा कोई स्पष्ट पल नजर नहीं आता, जब यह चोट लगी हो। हालांकि यह संभावना भी जताई गई कि चोट कैमरे के सामने न लगी हो।

क्या एस्पिरिन है वजह?
इन तस्वीरों के सामने आने के बाद राष्ट्रपति ट्रंप की सेहत को लेकर अटकलें तेज हो गईं। सवाल उठने लगे कि कहीं यह सिर्फ चोट नहीं, बल्कि दवा के साइड‑इफेक्ट तो नहीं हैं। जनवरी 2026 की शुरुआत में द वॉल स्ट्रीट जर्नल को दिए इंटरव्यू में ट्रंप खुद स्वीकार कर चुके हैं कि वह रोजाना एस्पिरिन की हाई डोज लेते हैं, वह भी डॉक्टरों की सलाह से अधिक मात्रा में।

ट्रंप क्यों लेते हैं हाई डोज एस्पिरिन?
ट्रंप का कहना है कि वह दिल को स्वस्थ रखने और खून के थक्के बनने के खतरे को कम करने के लिए ऐसा करते हैं। उन्होंने बताया कि यह आदत वह दो दशकों से ज्यादा समय से निभा रहे हैं। ट्रंप के अनुसार, डॉक्टर उन्हें इससे होने वाले जोखिमों को लेकर आगाह करते रहे हैं, लेकिन वह इसे अपनी सेहत के लिए जरूरी मानते हैं।

डॉक्टर की राय और खुराक का खुलासा
एक इंटरव्यू में ट्रंप के डॉक्टर नेवी कैप्टन सीन बारबाबेला ने बताया कि राष्ट्रपति रोजाना 325 मिलीग्राम एस्पिरिन लेते हैं। यह मात्रा आमतौर पर दी जाने वाली 81 मिलीग्राम की खुराक से करीब चार गुना ज्यादा है। डॉक्टरों के मुताबिक इतनी अधिक मात्रा लेने से रक्तस्राव और त्वचा पर नीले‑बैंगनी निशान पड़ने की आशंका बढ़ जाती है।

हाई डोज एस्पिरिन के संभावित दुष्प्रभाव
क्लीवलैंड क्लिनिक की रिपोर्ट के अनुसार, एस्पिरिन की अधिक मात्रा लेने से त्वचा पर लाल या बैंगनी धब्बे पड़ सकते हैं। इसके अलावा सुनने की क्षमता में कमी, लिम्फ नोड्स में सूजन, किडनी और लिवर को नुकसान होने का खतरा भी रहता है। गंभीर मामलों में यह दवा जानलेवा भी साबित हो सकती है।

फिलहाल व्हाइट हाउस ट्रंप के हाथों पर दिख रहे इन निशानों को मामूली चोट बता रहा है, लेकिन हाई डोज एस्पिरिन से जुड़े उनके पुराने बयानों के चलते यह मामला एक बार फिर राष्ट्रपति की सेहत को लेकर बहस का विषय बन गया है।