25 अक्टूबर को भी नहीं होगी 72वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा, आयोग ने फिर बढ़ाई तारीख

25 अक्टूबर को भी नहीं होगी 72वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा, आयोग ने फिर बढ़ाई तारीख

बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की तैयारी में पिछले कई महीनों से दिन-रात एक कर रहे लाखों युवाओं और प्रतियोगी छात्रों के लिए एक बेहद चौंकाने वाली और निराश करने वाली खबर सामने आ रही है। आयोग ने एक बार फिर से प्रशासनिक कारणों और आंतरिक परिस्थितियों का हवाला देते हुए 72वीं संयुक्त प्रारंभिक (Prelims) परीक्षा को स्थगित करने का आधिकारिक ऐलान कर दिया है। निर्धारित शेड्यूल के अनुसार यह परीक्षा आगामी 25 अक्टूबर 2026 को आयोजित होने वाली थी, जिसके लिए छात्रों ने अपनी कमर कस ली थी और पूरे जोर-शोर से मॉक टेस्ट तथा रिवीजन में जुटे हुए थे। लेकिन अचानक आए इस फैसले के बाद एक बार फिर से असमंजस और निराशा का माहौल पैदा हो गया है। बिहार के कोने-कोने से लेकर राजधानी पटना और दिल्ली के मुखर्जी नगर तक में रहकर सिविल सेवा की तैयारी करने वाले अभ्यर्थी इस बात से खासे परेशान हैं कि बार-बार परीक्षा की तारीखों में बदलाव होने से उनकी मानसिक स्थिति और वित्तीय प्लानिंग पर कितना बुरा असर पड़ रहा है।

क्यों बार-बार टल रही है परीक्षा? आयोग के सामने क्या हैं प्रशासनिक चुनौतियां?

आखिर ऐसा क्या कारण है कि बीपीएससी जैसी देश की प्रतिष्ठित और प्रमुख लोक सेवा आयोग को अपनी परीक्षाएं बार-बार टालनी पड़ रही हैं? सूत्रों और आयोग के अंदरूनी गलियारों से मिल रही जानकारी के मुताबिक, परीक्षा केंद्रों के निर्धारण, प्रश्नपत्रों की सुरक्षा और हाल ही में अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के साथ तारीखों के टकराव जैसी कई गंभीर समस्याएं इसके पीछे मुख्य वजह बताई जा रही हैं। इसके अलावा, छात्रों के एक बड़े वर्ग द्वारा परीक्षा के नियमों, सीटों की संख्या और पाठ्यक्रम में कुछ बदलावों को लेकर लगातार मांगें और विरोध प्रदर्शन भी किए जा रहे थे, जिससे आयोग और राज्य सरकार पर दबाव बना हुआ था। प्रशासनिक तंत्र यह सुनिश्चित करना चाहता है कि परीक्षा पूरी तरह से पारदर्शी, निष्पक्ष और कदाचार मुक्त हो, ताकि किसी भी प्रकार के पेपर लीक या गड़बड़ी के आरोपों से बचा जा सके। इसी चाक-चौबंद व्यवस्था को अंतिम रूप देने के लिए आयोग ने बिना कोई रिस्क उठाए परीक्षा की तारीख को आगे बढ़ाना ही बेहतर समझा, हालांकि इस फैसले से छात्रों का धैर्य अब जवाब देने लगा है।

छात्रों का फूटा गुस्सा, सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक विरोध प्रदर्शन की तैयारी

परीक्षा स्थगित होने की इस ताजा खबर के सामने आते ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा है और 'ट्विटर' यानी 'एक्स' पर छात्र लगातार अपनी भड़ास निकाल रहे हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि वे पिछले एक साल से अधिक समय से इस परीक्षा के इंतजार में अपनी जवानी और पैसे झोंक चुके हैं, और बार-बार परीक्षा टलने से उनके मानसिक स्वास्थ्य पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ रहा है। कई छात्र संगठनों और कोचिंग संचालकों ने चेतावनी दी है कि यदि आयोग जल्द ही परीक्षा की कोई निश्चित और अंतिम तारीख घोषित नहीं करता है, तो वे मजबूरन पटना की सड़कों पर उतरकर व्यापक स्तर पर आंदोलन करेंगे। छात्रों का यह भी तर्क है कि इस तरह अनिश्चितकाल के लिए परीक्षा को आगे बढ़ाने से उनके भविष्य के सारे प्लान चौपट हो जाते हैं और परिवार की उम्मीदें भी टूटने लगती हैं।

अब कब होगी 72वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा? जानिए नया संभावित अपडेट

फिलहाल बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की तरफ से यह स्पष्ट कर दिया गया है कि 25 अक्टूबर को होने वाला एग्जाम टाल दिया गया है, लेकिन इसके साथ ही आयोग ने अभी तक कोई आधिकारिक नई तारीख (New Exam Date) घोषित नहीं की है। कयास यह लगाए जा रहे हैं कि आयोग सभी प्रशासनिक और लॉजिस्टिक कमियों को दूर करने के बाद नवंबर के अंत या दिसंबर 2026 के शुरुआती हफ्तों में परीक्षा का नया कार्यक्रम जारी कर सकता है। अभ्यर्थियों को यह सलाह दी जाती है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल BPSC की आधिकारिक वेबसाइट (bpsc.bih.nic.in) पर आने वाले नोटिफिकेशन्स पर ही भरोसा करें। इस बीच, छात्रों के लिए यह जरूरी है कि वे अपनी पढ़ाई से नाता न तोड़ें और इस मिले हुए अतिरिक्त समय का सदुपयोग करते हुए अपने कमजोर विषयों को और अधिक मजबूत करें ताकि जब भी नई तारीख का ऐलान हो, वे परीक्षा में शत-प्रतिशत सफलता हासिल कर सकें।