अमरनाथ यात्रा 2026: 600 हाई-टेक कैमरों और 'थर्ड आई' सिस्टम से होगी हर पल निगरानी, पूरी तरह एक्टिव हुआ ICCC

अमरनाथ यात्रा 2026: 600 हाई-टेक कैमरों और 'थर्ड आई' सिस्टम से होगी हर पल निगरानी, पूरी तरह एक्टिव हुआ ICCC

पवित्र अमरनाथ यात्रा 2026 के औपचारिक आगाज में अब बस कुछ ही घंटे शेष रह गए हैं। 3 जुलाई से शुरू होने वाली इस पावन यात्रा को सुरक्षित, सुगम और सुचारू बनाने के लिए प्रशासन ने इस बार आधुनिक तकनीक का एक अभेद्य सुरक्षा कवच तैयार किया है। यात्रा के प्रबंधन के लिए स्थापित इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) पूरी तरह से एक्टिव (सक्रिय) हो गया है। कश्मीर के डिविजनल कमिश्नर अंशुल गर्ग ने श्रीनगर में खुद इस हाई-टेक सेंटर के कामकाज की बारीकी से समीक्षा की और अधिकारियों को चौबीसों घंटे मुस्तैद रहने के निर्देश दिए हैं।

क्या है ICCC और कैसे काम करेगा यह डिजिटल वार-रूम?

इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) इस वार्षिक यात्रा की सुरक्षा, लॉजिस्टिक्स और आपातकालीन सेवाओं के संचालन का मुख्य तंत्र है। यह सेंटर एक ही छत के नीचे सुरक्षा एजेंसियों, स्वास्थ्य विभाग, ट्रैफिक पुलिस, पर्यटन विभाग, नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (NDRF) और स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (SDRF) जैसे कई महत्वपूर्ण विभागों के बीच रियल-टाइम (तत्काल) तालमेल बिठाने का काम करता है। किसी भी आपात स्थिति में यहां से तुरंत एक्शन लिया जा सकेगा।

600 से अधिक PTZ कैमरे और पुलिस की 'थर्ड आई' से होगी निगरानी

इस साल अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था में बड़ा तकनीकी अपग्रेड किया गया है। पूरे यात्रा मार्ग, प्रमुख पड़ावों और बेस कैंपों की निगरानी के लिए 600 से अधिक अत्याधुनिक हाई-टेक CCTV कैमरे लगाए गए हैं।

  • PTZ कैमरे: सर्विलांस नेटवर्क में लंबी दूरी तक देखने वाले विशेष पैन-टिल्ट-ज़ूम (PTZ) कैमरों को शामिल किया गया है, जो किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर बारीक नजर रख सकते हैं।

  • थर्ड आई सर्विलांस: संभावित खतरों को भांपने और त्वरित कार्रवाई के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस के विशेष 'थर्ड आई' सर्विलांस सिस्टम को भी सीधे इस कमांड सेंटर से जोड़ दिया गया है।

लाइव मॉनिटरिंग और मौसम का हर पल का अपडेट

ICCC का मुख्य हिस्सा इसका लाइव मॉनिटरिंग सिस्टम है। विभिन्न विभागों के अधिकारी शिफ्टों में चौबीसों घंटे बैठकर बड़ी स्क्रीन्स पर यात्रा कैंपों और रास्तों की लाइव फुटेज देखेंगे।

इसके अतिरिक्त, यात्रा मार्गों और बेस कैंपों में बड़ी डिजिटल स्क्रीन्स लगाई गई हैं, जिन पर भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी पल-पल की रिपोर्ट और चेतावनी प्रदर्शित की जाएगी। यदि मौसम खराब होता है या कोई अन्य प्राकृतिक बाधा आती है, तो यह सेंटर तुरंत अलर्ट जारी कर राहत और बचाव कार्यों का संचालन करेगा।

यात्रियों के लिए टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर जारी

प्रशासन ने देश-विदेश से आने वाले सभी शिवभक्तों और श्रद्धालुओं से पूरे उत्साह और बिना किसी डर के यात्रा पर आने की अपील की है। यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा, जानकारी या आपातकालीन सहायता के लिए सरकार ने एक आधिकारिक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है:

अमरनाथ यात्रा आधिकारिक हेल्पलाइन: 01942740003

श्रद्धालु इस नंबर पर संपर्क करके न सिर्फ मदद पा सकते हैं, बल्कि यात्रा को और बेहतर बनाने के लिए प्रशासन को अपने महत्वपूर्ण सुझाव और फीडबैक भी दे सकते हैं।