पीएम मोदी के 25 साल पूरे होने पर झुकी दुनिया, जापान से लेकर यूरोप तक के राष्ट्राध्यक्षों ने कही ये हैरान करने वाली बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकतांत्रिक व्यवस्था में सरकार के प्रमुख के रूप में 25 गौरवशाली वर्ष पूरे होने पर वैश्विक मंच से शुभकामनाओं का तांता लग गया है। 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर कमान संभालने से लेकर 2014 से लगातार देश की बागडोर संभालने तक, पीएम मोदी के इस ऐतिहासिक सफर को दुनिया के शीर्ष नेताओं ने सराहा है। बेल्जियम, भूटान, जापान, नाइजीरिया और डोमिनिका के राष्ट्राध्यक्षों ने उनकी इस दीर्घकालिक सेवा और कड़े नेतृत्व की मुक्तकंठ से प्रशंसा की है।
बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए पीएम मोदी को गुजरात से नई दिल्ली तक लगातार 25 वर्षों के निर्बाध और प्रभावी नेतृत्व के लिए हार्दिक बधाई दी। उन्होंने अपनी हालिया भारत यात्रा का उल्लेख करते हुए दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की इच्छा जताई। वहीं कैरेबियाई देश डोमिनिका के प्रधानमंत्री रूजवेल्ट स्केरिट ने पीएम मोदी के साथ अपनी तस्वीर साझा कर उन्हें अपना प्रिय मित्र बताया और संकट के समय में डोमिनिका के लोगों के प्रति दिखाई गई उदारता और मित्रता के लिए विशेष आभार प्रकट किया।
नाइजीरिया के राष्ट्रपति बोला अहमद टिनूबू ने इसे किसी भी जीवंत लोकतंत्र के भीतर एक अत्यंत दुर्लभ और ऐतिहासिक उपलब्धि करार दिया। उन्होंने कहा कि 1.4 अरब से अधिक की आबादी वाले विशाल देश में जनता का लगातार ढाई दशक तक अटूट भरोसा बनाए रखना पीएम मोदी की जनसेवा की निष्ठा को साबित करता है। राष्ट्रपति टिनूबू ने ग्लोबल साउथ की मजबूत आवाज के रूप में भारत और नाइजीरिया की साझा लोकतांत्रिक प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए अंतरराष्ट्रीय मंचों पर निष्पक्ष साझेदारी को आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया।
भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोगबे ने एक बेहद भावुक पत्र लिखकर पीएम मोदी के प्रति गहरा सम्मान प्रकट किया। उन्होंने पीएम मोदी को अपना बड़ा भाई बताते हुए लिखा कि वह उन्हें भगवान विष्णु के स्वरूप की तरह देखते हैं, जो एक ज्ञानी और जन-समर्पित शासक का प्रतीक है। तोगबे ने साल 2019 की दिल्ली मुलाकात को याद किया जब चुनावी हार के बावजूद पीएम मोदी ने उन्हें बड़े भाई जैसा आत्मीय स्नेह दिया था। तोगबे ने गुजरात मॉडल से लेकर वित्तीय समावेशन, मैन्युफैक्चरिंग, डिजिटल क्रांति और 2047 तक 'विकसित भारत' के राष्ट्रीय संकल्प की प्रशंसा की। उन्होंने बौद्ध परंपरा के त्रिमूर्ति बोधिसत्व 'रिगसुम गोनपो' के ज्ञान, करुणा और साहस का संदर्भ देते हुए कहा कि पीएम मोदी का 'सबका साथ, सबका विकास और सबका प्रयास' मंत्र हर नागरिक को राष्ट्र निर्माण से जोड़ता है।
जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची ने भी 2001 से अब तक के उनके उत्कृष्ट राजनीतिक नेतृत्व को नमन करते हुए बधाई संदेश भेजा। उन्होंने जुलाई की अपनी भारत यात्रा, भारतीय संस्कृति के आतिथ्य और दोनों देशों की विशेष रणनीतिक एवं वैश्विक साझेदारी पर हुई गंभीर चर्चाओं को याद किया। ताकाइची ने कहा कि अगले वर्ष दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ है और वे एक स्वतंत्र, खुले हिंद-प्रशांत क्षेत्र (FOIP) के साझा विजन को मजबूत करने के लिए पीएम मोदी के साथ मिलकर काम करती रहेंगी।