6 महीने की उम्र में छिना पिता का साया, 23 साल बाद बेटे ने लिया खूनी बदला; पुणे में मर्डर की रोंगटे खड़े करने वाली वारदात
महाराष्ट्र के पुणे शहर से प्रतिशोध और अपराध की एक ऐसी सनसनीखेज कहानी सामने आई है, जिसने पुलिस और आम जनता दोनों को हैरान कर दिया है। यह कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट जैसी लगती है, लेकिन हकीकत में यह 23 साल पुरानी दुश्मनी के खूनी अंजाम की दास्तान है। महज 6 महीने की उम्र में जिस बच्चे के सिर से उसके पिता का साया छीन लिया गया था, उसने 23 साल तक अपने दिल में बदले की आग को जलाए रखा। आखिरकार, 23 साल बाद उस मासूम बच्चे ने युवा होते ही अपने पिता के हत्यारे को मौत के घाट उतारकर अपना खौफनाक बदला पूरा कर लिया।
23 साल पहले बोए गए थे दुश्मनी के बीज
पुणे पुलिस के मुताबिक, इस पूरी वारदात की शुरुआत साल 2003 में हुई थी। उस वक्त पुरानी रंजिश और आपसी विवाद के चलते मुख्य आरोपी के पिता की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। जब यह हत्याकांड हुआ, तब आरोपी महज 6 महीने का एक दुधमुंहा बच्चा था। उसे अपने पिता का चेहरा तक याद नहीं था, लेकिन जैसे-जैसे वह बड़ा हुआ, उसकी मां और रिश्तेदारों ने उसे पिता की हत्या की कहानी सुनाई। समाज के तानों और पिता की कमी ने उस बच्चे के मन में बचपन से ही हत्यारे के प्रति नफरत और बदले की भावना कूट-कूट कर भर दी थी।
मास्टर प्लान के तहत रची गई हत्या की पूरी साजिश
बड़ा होने के बाद बेटे ने अपने पिता के कातिल पर नजर रखनी शुरू कर दी। कातिल जेल की सजा काटने या कानूनी दांवपेच से बाहर आकर अपनी सामान्य जिंदगी जी रहा था। आरोपी युवक ने अपने कुछ दोस्तों के साथ मिलकर हत्या की एक फूलप्रूफ प्लानिंग तैयार की। उसने कई दिनों तक पीड़ित की रेकी की, उसके आने-जाने के समय और रूट का पता लगाया ताकि वारदात के वक्त कोई चूक न हो सके।
पुणे के व्यस्त इलाके में दिनदहाड़े उतारा मौत के घाट
तय रणनीति के तहत, जब पीड़ित पुणे के एक सुनसान और रिहायशी इलाके से गुजर रहा था, तभी आरोपी और उसके साथियों ने उसे घेर लिया। इससे पहले कि पीड़ित कुछ समझ पाता या वहां से भागने की कोशिश करता, आरोपियों ने तीखे हथियारों से उस पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमला इतना भयानक था कि पीड़ित ने मौके पर ही तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
पुलिसिया तफ्तीश और 23 साल पुराने कनेक्शन का खुलासा
दिनदहाड़े हुए इस मर्डर के बाद पुणे पुलिस ने तुरंत मामले की जांच के लिए स्पेशल टीमें गठित कीं। जब पुलिस ने मृतक के पुराने इतिहास को खंगाला, तो उन्हें 2003 के उस मर्डर केस का पता चला। कड़ियों को जोड़ते हुए पुलिस ने जब 23 साल पहले मारे गए शख्स के बेटे की गतिविधियों पर नजर रखी, तो सारा सच आईने की तरह साफ हो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी बेटे और उसके साथियों को धर दबोचा है। पूछताछ में आरोपी ने बिना किसी पछतावे के अपना जुर्म कबूल करते हुए कहा कि उसने अपने जीवन का एकमात्र मकसद आज पूरा कर लिया है।