पंजाब में सीमा पार नशा तस्करी का भंडाफोड़: 27 किलो हेरोइन और विदेशी पिस्तौल के साथ 4 तस्कर गिरफ्तार
पंजाब में नशीले पदार्थों और अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस (CI) टीम ने सीमा पार से संचालित हो रहे एक अंतरराष्ट्रीय तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार मुख्य तस्करों को रंगे हाथों दबोचा है।
पकड़े गए तस्करों के कब्जे से 27 किलोग्राम हेरोइन, अत्याधुनिक विदेशी निर्मित .30 बोर पीएक्स5 पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से सीमा पार बैठे आकाओं द्वारा भारतीय सीमा में ड्रग्स और हथियारों का बड़ा नेटवर्क स्थापित करने की साजिश नाकाम हो गई है।
दुबई लिंक और सीमा पार बैठे हैंडलर्स से सीधे संपर्क का खुलासा
पुलिस की प्रारंभिक तफ्तीश में बेहद चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। गिरफ्तार किए गए चारों आरोपी सीमा पार बैठे बड़े तस्करों और हैंडलर्स के सीधे संपर्क में थे और उन्हीं के इशारे पर पंजाब और आसपास के राज्यों में खेप की डिलीवरी कर रहे थे। जांच में इस बात के भी पुख्ता सुराग मिले हैं कि इस तस्करी सिंडिकेट के तार संयुक्त अरब अमीरात (दुबई) में बैठे एक संदिग्ध व्यक्ति से जुड़े हुए हैं। सुरक्षा एजेंसियां अब यह तकनीकी पड़ताल करने में जुटी हैं कि दुबई से इस नेटवर्क को फंडिंग या लॉजिस्टिक्स में किस तरह का बैकअप दिया जा रहा था और आरोपी केवल कूरियर/सप्लायर के रूप में सक्रिय थे या वे पूरे अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट के नीति-निर्धारक थे।
स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल (SSOC) में केस दर्ज, रूट मैप की जांच तेज
इस पूरे ऑपरेशन के बाद थाना स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल (SSOC) में आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस और आर्म्स एक्ट की गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस की विशेष जांच टीमें अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि 27 किलोग्राम हेरोइन की यह विशाल खेप किस रास्ते—ड्रोन के जरिए या तारबंदी पार कराकर—पंजाब की धरती तक पहुंचाई गई। इसके साथ ही, इस कंसाइनमेंट को पंजाब के किन स्थानीय डीलरों और ड्रग पैडलरों तक पहुंचाया जाना था, उन सभी बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक्स की पहचान की जा रही है ताकि पूरी सप्लाई चेन को एक साथ ध्वस्त किया जा सके।
विदेशी हथियार की बरामदगी से गैंगस्टर्स कनेक्शन का गहराया शक
मामले में हेरोइन के साथ विदेशी निर्मित .30 बोर पीएक्स5 आधुनिक पिस्तौल की बरामदगी ने सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। जांच अधिकारी इस एंगल पर भी गहराई से पड़ताल कर रहे हैं कि क्या यह कंसाइनमेंट पंजाब के किसी कुख्यात संगठित आपराधिक गिरोह (गैंगस्टर नेटवर्क) के लिए भेजा गया था। पुलिस अधिकारियों ने साफ किया है कि सीमा पार से सक्रिय ड्रोन नेटवर्क और नार्को-टेरर गठजोड़ पर पुलिस की चौबीसों घंटे पैनी नजर है। आने वाले दिनों में गिरफ्तार आरोपियों से रिमांड के दौरान पूछताछ में अंतरराष्ट्रीय वित्तीय लेनदेन (हवाला) और कई अन्य सहयोगियों के नामों का खुलासा होने की पूरी संभावना है।