पंजाब कांग्रेस में बड़ा फेरबदल तय! हाईकमान को सौंपी गई गोपनीय रिपोर्ट, अमरिंदर सिंह राजा वडिंग की कुर्सी पर संकट

पंजाब कांग्रेस में बड़ा फेरबदल तय! हाईकमान को सौंपी गई गोपनीय रिपोर्ट, अमरिंदर सिंह राजा वडिंग की कुर्सी पर संकट

पंजाब की सियासत में इस समय सबसे बड़ी हलचल कांग्रेस खेमे से आ रही है। राज्य में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों (नवंबर 2026 / फरवरी 2027) से ठीक पहले पंजाब कांग्रेस के भीतर एक बहुत बड़े संगठनात्मक बदलाव (Organizational Shuffle) की अटकलें तेज हो गई हैं। सूत्रों के हवाले से खबर है कि पार्टी हाईकमान द्वारा नियुक्त किए गए तीनों विशेष पर्यवेक्षकों (Observers) ने राज्य के मौजूदा हालात और नेतृत्व को लेकर अपनी विस्तृत और गोपनीय रिपोर्ट कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व को सौंप दी है।

दिल्ली में मथानी: खड़गे, राहुल और भूपेश बघेल की मौजूदगी में पेश हुई रिपोर्ट

कांग्रेस के गलियारों से छनकर आ रही खबरों के मुताबिक, दिल्ली में एक बेहद हाई-प्रोफाइल बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा नेता राहुल गांधी, संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल और पंजाब कांग्रेस के प्रभारी भूपेश बघेल मौजूद थे। इस दौरान वरिष्ठ नेता अजय माकन ने पर्यवेक्षकों द्वारा तैयार की गई जमीनी रिपोर्ट को हाईकमान के सामने पेश किया।

72 दिग्गजों से लिया गया फीडबैक, पूछे गए 4 तीखे सवाल

इस रिपोर्ट को तैयार करने के लिए पर्यवेक्षकों ने पंजाब कांग्रेस के सभी विधायकों, मौजूदा व पूर्व सांसदों, जिला अध्यक्षों और कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) के सदस्यों के साथ मैराथन बैठकें की थीं। कुल मिलाकर 72 वरिष्ठ नेताओं से वन-टू-वन बातचीत की गई, जिसमें मुख्य रूप से ये सवाल पूछे गए:

  1. क्या मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष (अमरिंदर सिंह राजा वडिंग) को बदला जाना चाहिए?

  2. पंजाब में ऐसा कौन सा चेहरा है जो सभी गुटों को एक साथ लेकर चलने में सक्षम है?

  3. किस नेता के चेहरे और अगुवाई में चुनाव लड़ने पर कांग्रेस की जीत पक्की हो सकती है?

  4. पंजाब के जटिल जाट-सिख, हिंदू और दलित सामाजिक (जातीय) समीकरणों में कौन सबसे फिट बैठता है?

अध्यक्ष पद की रेस में ये 3 बड़े नाम सबसे आगे

सूत्रों का दावा है कि पर्यवेक्षकों ने नेताओं से मिले फीडबैक के आधार पर अपनी रिपोर्ट में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए मुख्य रूप से तीन कद्दावर नेताओं के नामों का सुझाव दिया है:

  • चरणजीत सिंह चन्नी: पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और बड़ा दलित चेहरा।

  • सुखजिंदर सिंह रंधावा: पूर्व उपमुख्यमंत्री और जाट-सिख समुदाय में मजबूत पकड़ रखने वाले वरिष्ठ नेता।

  • विजय इंदर सिंघला: पूर्व मंत्री और राज्य के हिंदू वोट बैंक को साधने के लिए एक प्रमुख चेहरा।

पर्यवेक्षकों ने न केवल प्रदेश अध्यक्ष, बल्कि आगामी चुनाव के मद्देनजर विधायक दल के नेता (CLP Leader), चुनाव प्रचार समिति के अध्यक्ष (Campaign Committee Chief) और घोषणापत्र समिति के अध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पदों के लिए भी अलग-अलग पैनल और नाम सुझाए हैं।

हाईकमान की मुहर का इंतजार: अब इस विस्तृत रिपोर्ट के आधार पर अंतिम और निर्णायक फैसला सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे को लेना है। माना जा रहा है कि अगले कुछ ही दिनों में पंजाब कांग्रेस के नए ढांचे और नए सेनापति के नाम का आधिकारिक एलान कर दिया जाएगा, जिससे राज्य की आंतरिक गुटबाजी पर लगाम कसी जा सके।