आग बुझाने वालों को ही लील गई आग! ट्रेलर की टक्कर के बाद केबिन में जिंदा जल गए दो फायरमैन, रूह कंपा देने वाला हादसा
राजस्थान के उदयपुर जिले अंतर्गत ऋषभदेव थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-48 पर रविवार को एक रूह कंपा देने वाला सड़क हादसा घटित हुआ। माकड़जपा गांव के समीप एक बेकाबू ट्रेलर और निजी कंपनी के दमकल वाहन के बीच हुई भीषण आमने-सामने की भिड़ंत के बाद दमकल के केबिन में विकराल आग लग गई। आग की लपटें इतनी तेज और अचानक उठीं कि केबिन में बैठे दो फायरमैन को बाहर निकलने का कोई मौका तक नहीं मिल सका और वे वाहन के अंदर ही जिंदा जल गए।
हादसे में दमकल वाहन के चालक और ट्रेलर चालक दोनों गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं, जिन्हें स्थानीय प्रशासन और राहत दल की मदद से तुरंत उदयपुर के महाराणा भूपाल (एमबी) अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां दोनों का सघन उपचार जारी है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर इतनी भयावह थी कि दमकल वाहन का अगला केबिन पूरी तरह पिचक गया और धातु के मलबे में तब्दील हो गया। टक्कर के चंद पलों के भीतर ही केबिन से तेज धुआं और भयंकर आग की लपटें उठने लगीं। मौके पर पहुंचे स्थानीय ग्रामीणों ने जान जोखिम में डालकर तुरंत दमकल चालक को खींचकर बाहर निकाल लिया, लेकिन भारी मलबे में फंसे दोनों फायरमैन को बाहर नहीं निकाला जा सका।
आग पर काबू पाने के लिए करीब एक घंटे तक की गई कड़ी मशक्कत
सूचना मिलते ही पुलिस और बचाव दल घटनास्थल पर पहुंचे और आग पर काबू पाने के लिए करीब एक घंटे तक कड़ी मशक्कत की गई। आग पूरी तरह शांत होने के बाद ही केबिन को काटकर दोनों फायरमैन के क्षत-विक्षत शव बाहर निकाले जा सके, जिनकी शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं।
ऋषभदेव थानाधिकारी हेमंत अहारी ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि दुर्घटनाग्रस्त दमकल वाहन 'अग्नि रक्षक' नामक एक निजी कंपनी से संबद्ध था और उस पर पश्चिम बंगाल का रजिस्ट्रेशन नंबर दर्ज है। यह दमकल गाड़ी गुजरात से उदयपुर की ओर रवाना हुई थी, जबकि विपरीत दिशा में संबंधित ट्रेलर उदयपुर से अहमदाबाद की तरफ जा रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों और शुरुआती जांच के अनुसार, ट्रेलर पहले अपनी लेन में आगे चल रहे एक दूसरे भारी ट्रेलर से टकराया और फिर रफ्तार बेकाबू होने से डिवाइडर पार कर दूसरी लेन में जा पहुंचा। ठीक उसी वक्त सामने से आ रही दमकल गाड़ी सीधे ट्रेलर की चपेट में आ गई। केबिन दब जाने के कारण दोनों फायरमैन अंदर ही लाचार होकर फंस गए थे। पुलिस ने शवों को मोर्चरी में रखवाते हुए संबंधित निजी कंपनी से संपर्क साधकर मृतकों के नाम और पते की आधिकारिक पुष्टि शुरू कर दी है।
इस रोंगटे खड़े कर देने वाले हादसे के बाद व्यस्त उदयपुर-अहमदाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहनों का पहिया पूरी तरह थम गया। दोनों क्षतिग्रस्त भारी वाहनों के बीच सड़क पर फंसे होने और आग बुझाने के अभियान के चलते हाईवे पर करीब एक किलोमीटर लंबा वाहनों का जाम लग गया, जिससे सैकड़ों यात्री घंटों फंसे रहे। दमकल कर्मियों द्वारा आग पूरी तरह बुझाए जाने और क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को मुख्य सड़क से किनारे किए जाने के बाद यातायात सुचारू कराया जा सका। हालांकि मलबा हटने के काफी देर बाद तक वाहनों की रफ्तार बेहद धीमी बनी रही। ऋषभदेव थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर सड़क दुर्घटना के सटीक तकनीकी कारणों की विस्तृत पड़ताल शुरू कर दी है।