मानसून ने फिर पकड़ी रफ्तार! राजस्थान में 15 सितंबर तक भारी बारिश, जानें IMD का बड़ा अपडेट

मानसून ने फिर पकड़ी रफ्तार! राजस्थान में 15 सितंबर तक भारी बारिश, जानें IMD का बड़ा अपडेट

राजस्थान में करीब एक सप्ताह की खामोशी के बाद मानसून ने एक बार फिर पूरी ताकत के साथ वापसी कर ली है। शुक्रवार दोपहर बाद राजधानी जयपुर और भरतपुर संभाग के तमाम इलाकों में अचानक मौसम का मिजाज बदला और घने बादलों के साथ तेज हवाएं चलने लगीं। इसके तुरंत बाद शुरू हुई हल्की से मध्यम बारिश ने प्रदेशवासियों को तरबतर कर दिया।

मौसम विज्ञान केंद्र (IMD) ने शनिवार को बड़ा अपडेट देते हुए राज्य के 29 जिलों में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। बारिश के इस ताजा दौर से जयपुर, दौसा और आसपास के शहरों के पारे में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे उमस और तीखी धूप से बेहाल जनता को भारी राहत मिली है।

बंगाल की खाड़ी में बना नया सिस्टम, 15 सितंबर तक झमाझम बारिश के आसार

मौसम विज्ञानियों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र (लो प्रेशर सिस्टम) इस समय दक्षिणी ओडिशा और उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में पूरी तीव्रता के साथ सक्रिय है। अगले 24 घंटों के दौरान इस मौसमी प्रणाली के मध्य भारत से गुजरते हुए पश्चिम दिशा की ओर तेजी से बढ़ने की संभावना है। इस मानसूनी तंत्र के असर से राजस्थान में बादलों की आवाजाही और वर्षा की तीव्रता में भारी इजाफा होगा। मौसम विभाग का साफ अनुमान है कि प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का यह सिलसिला 15 सितंबर तक लगातार जारी रहेगा।

पिछले 24 घंटों में 50 मिमी तक बरसे बादल, कई शहरों में हुआ जलभराव

बीते 24 घंटों के भीतर जयपुर, अलवर, भरतपुर, दौसा, सवाई माधोपुर, करौली, धौलपुर, सीकर, बूंदी, बारां और झालावाड़ के कई हिस्सों में तेज मूसलाधार बारिश दर्ज की गई। कई इलाकों में 2 इंच (लगभग 50 मिलीमीटर) तक पानी बरसा, जिसमें अलवर जिले के कोटकासिम में सर्वाधिक 45 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई। अचानक तेज बारिश के चलते अलवर, दौसा और सवाई माधोपुर के निचले इलाकों, चौराहों और मुख्य सड़कों पर पानी भर गया, जिससे घंटों ट्रैफिक जाम रहा। राजधानी जयपुर में भी दिनभर भारी उमस के बाद शाम को हुई बारिश ने फिजा में ठंडक घोल दी, जहां अधिकतम तापमान 35.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।

पूर्वी राजस्थान में मौसम हुआ सुहावना, पर पश्चिमी जिलों में पारा 40 पार

प्रदेश में मौसम का दोहरा रूप देखने को मिल रहा है। जहां एक तरफ पूर्वी राजस्थान के संभागों में मानसूनी बारिश से राहत की बयार बही है, वहीं पश्चिमी राजस्थान के रेगिस्तानी इलाके अब भी भयंकर गर्मी और उमस की मार झेल रहे हैं। बीकानेर और जोधपुर संभाग में कमजोर मानसूनी गतिविधियों और पाकिस्तान की ओर से आ रही शुष्क पश्चिमी हवाओं के कारण तापमान में उछाल देखा गया। शुक्रवार को 40.1 डिग्री सेल्सियस के साथ बीकानेर राज्य का सबसे गर्म इलाका रहा, जबकि चूरू और श्रीगंगानगर में तापमान 39.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। विशेषज्ञों के मुताबिक, आने वाले दिनों में भी पूर्वी इलाकों में झमाझम बारिश का असर दिखेगा, जबकि पश्चिमी जिलों में कुछ दिन और गर्मी का प्रकोप झेलना पड़ सकता है।