अक्षर पटेल ने खोला अपनी जादुई पारी का राज, इंग्लैंड को रौंदने के बाद कही ये बड़ी बात
एजबेस्टन के मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ पहले एकदिवसीय मैच में भारतीय टीम ने धमाकेदार जीत दर्ज कर टी20 सीरीज की कड़वी यादों को पीछे छोड़ दिया है। 259 रनों के चुनौतीपूर्ण लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम इंडिया ने 28 गेंद शेष रहते 4 विकेट से मुकाबला अपने नाम कर लिया।
इस शानदार जीत के सबसे बड़े सूत्रधार रहे ऑलराउंडर अक्षर पटेल, जिन्होंने पहले गेंद से विरोधी टीम की कमर तोड़ी और फिर संकट के समय बल्ले से एक सधी हुई अर्धशतकीय पारी खेलकर भारत को जीत की दहलीज पार कराई। बेहतरीन ऑलराउंड खेल के लिए 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुने गए अक्षर ने अपनी इस बदली हुई बल्लेबाजी रणनीति को लेकर कई महत्वपूर्ण बातें साझा की हैं।
गेंद और बल्ले से अक्षर पटेल का डबल धमाका
इस मुकाबले में अक्षर पटेल पूरी तरह से इंग्लिश टीम पर हावी नजर आए। गेंदबाजी के दौरान उन्होंने कसी हुई लाइन-लेंथ से विपक्षी बल्लेबाजों को बांध कर रखा और अपने 9.5 ओवरों के स्पेल में चार महत्वपूर्ण विकेट चटकाए।
इसके बाद जब भारतीय टीम रोहित और कोहली के जल्दी आउट होने से दबाव में थी, तब अक्षर ने नंबर 6 पर आकर 52 गेंदों में 57 रनों की बेहद परिपक्व पारी खेली। अपनी इस पारी में उन्होंने पांच शानदार चौके और एक गगनचुंबी छक्का भी जड़ा। अक्षर के अलावा कप्तान शुभमन गिल की 80 रनों की कप्तानी पारी और वाशिंगटन सुंदर के उपयोगी 52 रनों ने इस जीत में अहम भूमिका निभाई।
टी20 की गलतियों से सीखा सबक: टाइमिंग पर दिया ध्यान
मैच के बाद ब्रॉडकास्टर 'जियोस्टार' से बातचीत करते हुए 32 वर्षीय अक्षर पटेल ने अपनी मानसिक स्थिति और तकनीक में किए गए बदलावों पर खुलकर बात की। उन्होंने स्वीकार किया कि पिछले हफ्ते समाप्त हुई टी20 सीरीज में (जहां भारत को 0-4 से हार मिली थी और अक्षर केवल 19 रन बना पाए थे) वे एक बड़ी गलती कर रहे थे।
अक्षर ने कहा कि टी20 मैचों के दौरान वे गेंद को जरूरत से ज्यादा जोर से मारने (हार्ड हिट) की कोशिश कर रहे थे, जिसके कारण उनकी टाइमिंग और बल्लेबाजी की लय पूरी तरह बिगड़ गई थी। डेथ ओवरों के दबाव में अक्सर बल्लेबाज ऐसा करते हैं, लेकिन वनडे में उन्होंने खुद को शांत रखा और क्रीज पर जाकर केवल गेंद को सही समय पर हिट करने और एक मजबूत साझेदारी बनाने पर अपना पूरा ध्यान केंद्रित किया।