सीएम पुष्कर सिंह धामी ने किया नंदा की चौकी पुल की एप्रोच रोड का औचक निरीक्षण, महज 12 घंटे में रिकॉर्ड समय में हुआ युद्धस्तर पर पुनर्निर्माण
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अपने सख्त और त्वरित प्रशासनिक फैसलों के लिए एक बार फिर चर्चा में हैं। हाल ही में भारी बारिश और जलप्रलय के कारण प्रभावित हुए देहरादून के प्रतिष्ठित नंदा की चौकी पुल की क्षतिग्रस्त एप्रोच रोड का मुख्यमंत्री धामी ने खुद मौके पर पहुंचकर जायजा लिया। सबसे खास बात यह रही कि आपदा जैसी चुनौती के बावजूद प्रशासन और कार्यदायी संस्था ने अदम्य साहस और तत्परता दिखाते हुए सिर्फ 12 घंटे के भीतर इस महत्वपूर्ण मार्ग का पुनर्निर्माण कार्य पूरा कर दिया, जिससे आम जनता को बड़ी राहत मिली है।
युद्धस्तर पर चला अभियान, रिकॉर्ड 12 घंटों में तैयार हुई सड़क
पिछले दिनों लगातार हुई भारी बारिश के चलते नंदा की चौकी के पास पुल की एप्रोच रोड अचानक धंस गई थी, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया था और लोगों की आवाजाही पर गंभीर संकट खड़ा हो गया था। मामले की गंभीरता को समझते हुए मुख्यमंत्री कार्यालय ने तत्काल संज्ञान लिया। स्थानीय प्रशासन, लोक निर्माण विभाग (PWD) और अन्य संबंधित विभागों ने दिन-रात एक करते हुए युद्धस्तर पर काम शुरू किया। आधुनिक तकनीक और संसाधनों का इस्तेमाल करते हुए महज 12 घंटों के भीतर रिकॉर्ड समय में सड़क को दुरुस्त कर दिया गया, जिसे देखकर स्थानीय लोग भी हैरान और खुश हैं।
मौके पर पहुंचे सीएम धामी, अधिकारियों की पीठ थपथपाई
स्थिति का जायजा लेने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अचानक नंदा की चौकी पहुंचे। उन्होंने मौके पर मौजूद इंजीनियरों, प्रशासनिक अधिकारियों और सड़क निर्माण में जुटे श्रमिकों से बातचीत की और उनके काम की सराहना की। सीएम धामी ने कहा कि जनता की सुरक्षा और सुविधा सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है, और आपातकालीन परिस्थितियों में इस तरह की त्वरित कार्यप्रणाली यह दर्शाती है कि हमारी मशीनरी कितनी चौकस है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि भविष्य में ऐसी घटनाओं से निपटने के लिए पहले से पुख्ता इंतजाम रखे जाएं ताकि किसी भी यात्री को असुविधा का सामना न करना पड़े।
आम जनता को मिली बड़ी राहत, सुचारू हुआ ट्रैफिक
एप्रोच रोड के रिकॉर्ड समय में तैयार होने के बाद नंदा की चौकी और आसपास के इलाकों में रुका हुआ ट्रैफिक सुचारू रूप से शुरू हो गया है। दून विश्वविद्यालय और प्रेमनगर की तरफ आने-जाने वाले हजारों छात्र-छात्राओं और दैनिक यात्रियों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय निवासियों ने मुख्यमंत्री धामी के इस त्वरित निरीक्षण और प्रशासन की इस मुस्तैदी के लिए आभार व्यक्त किया है। आपदा प्रबंधन के मोर्चे पर सरकार की इस सक्रियता ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि धामी सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के लिए जमीनी स्तर पर कितनी गंभीर है।